संभागीय परिवहन कार्यालय में मंगलवार को आनलाइन ड्राइविंग लाइसेंस से लेकर रजिस्ट्रेशन तक का काम ठप हो गया। सर्वर फेल हो जाने से विभाग में घंटों काम नहीं हुआ। ड्राइविंग लाइसेंस के लिए सुबह 9 बजे से कतार में खड़े लोगों ने 12 बजे तक सर्वर के काम न करने पर हंगामा किया।
आरटीओ आफिस में दलालों और कर्मचारियों की मिलीभगत से एक बार फिर आनलाइन ड्राइविंग लाइसेंस बनाने का काम ठप हो गया। 10 दिन पहले ही सर्वर खराब होने पर उसे लखनऊ स्थित मुख्यालय भेजा गया था। लोकल सर्वर बुधवार को ही दुरुस्त होकर आया था कि मंगलवार को फिर खराब हो गया। आनलाइन ड्राइविंग लाइसेंस और बायोमेट्रिक सिस्टम के लिए सुबह नौ बजे से कतार में लगे लोगों का दोपहर 12 बजे तक नंबर नहीं आया तो पता चला कि सर्वर फेल है लाइसेंस नहीं बनेगा। तीन से चार घंटों तक कड़ी धूप में लाइन में लगे लोग भड़क गए और हंगामा काटा। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी खराबी कभी भी आ सकती है। सर्वर जानबूझ कर खराब नहीं किया जा रहा।
सर्वर फेल होने के पीछे रिश्वतखोर कर्मी व दलाल
आरटीओ आफिस में आनलाइन ड्राइविंग लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया जब से शुरू हुई है, तभी से कभी कंप्यूटर तो कभी बायोमेट्रिक सिस्टम खराब होने का बहाना बनाया जाता रहा है। सर्वर खराब होने की शिकायत हर सप्ताह ही की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक अब तक ड्राइविंग लाइसेंस के लिए दलालों का कॉकस हावी रहा है। कर्मचारियों की मिलीभगत से दलाल आनलाइन सिस्टम को सफल नहीं होने दे रहे क्योंकि इससे कर्मचारियों को मिलने वाली रिश्वत और दलालों की आय बुरी तरह प्रभावित हुई है। इसी कारण महज पांच दिन के अंदर ही सर्वर फिर फेल हो गया।