माई सिटी रिपोर्टर
आगरा। मुस्लिम समुदाय के लिए कैलेंडर के 12 महीनों में रमजान सबसे पाक और मुबारक महीना होता है। यह सब्र, रोजा, आत्मचिंतन और उत्सव का समय होता है। रमजान इस्लामिक चंद्र कैलेंडर का नौंवा महीना होता है। जिसमें मुस्लिम अकीदतमंद रोजा रखते हैं। इस बार मुकद्दस रमजान का महीना 19 फरवरी से शुरू हो सकता है। फिलहाल रमजान का चांद नजर नहीं आया है। चांद दिखाई देने के बाद ही रोजों की शुरुआत होगी।
नायब काजी मौलाना उजैर आलम ने बताया कि इंशाअल्लाह रमजान का चांद 18 या 19 फरवरी को नजर आ सकता है। चांद के एलान के साथ ही तरावीह की नमाज अदा की जाएगी और अगले दिन पहला रोजा रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि रमजान इबादत का महीना है, जिसमें तीन अशरे होते हैं। पहले 10 दिन रहमत के, बीच के 10 दिन मगफिरत के और आखिरी 10 दिन जहन्नम की आग से निजात के माने जाते हैं। रमजान को लेकर शहर में तैयारियां शुरू हो गई हैं।