कासगंज। विद्युत निगम के अवर अभियंताओं ने अधीक्षण अभियंता विद्युत निगम पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। इन आरोपों की जांच विद्युत निगम के एमडी अमित किशोर द्वारा कराई जा रही है। जांच गतिमान के कारण प्रथम दृष्टया अधीक्षण अभियंता को दोषी मानते हुए निलंबित कर दिया है और उन्हें दक्षिणांचल विद्युत निगम आगरा के प्रबंध निदेशक कार्यालय से संबद्ध किया गया है।जिले में तैनात अधीक्षण अभियंता मनोज कुमार के विरुद्ध 7 अवर अभियंता प्रवेश कुमार, पवन कसौधन, अभिषेक वर्मा, नीरज गौड़, विश्वजीत कुमार, कामरान खान एवं जय गोविंद चौहान ने संयुक्त रूप से शिकायत की थी। अवर अभियंताओं का आरोप है कि अधीक्षण अभियंता द्वारा विभागीय कार्रवाई का भय दिखाकर व्यक्तिगत उपभोग की वस्तुओं को मंगाया जाता है व अन्य मांगे की जाती हैं। अवर अभियंताओं का आरोप है कि अधीक्षण अभियंता द्वारा उनके कार्यक्षेत्रों में जाकर उत्पीड़न किया जा रहा है। एमडी अमित किशोर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच मुख्य अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता आगरा को सौंप दी। जांच अधिकारी मामले की जांच पड़ताल कर रहे हैं। अधीक्षण अभियंता मनोज कुमार ने इन आरोपों को झूठा और मनगढ़ंत बताते हुए कहा था कि अवर अभियंताओं की कई गंभीर मामलों में जांच चल रही है। जिसके चलते वह अनर्गल आरोप लगा रहे हैं। कहा कि विभागीय मर्यादाएं हैं। जिसके चलते वह चीजें सार्वजनिक नहीं कर सकते।