मोबाइल फोनों पर बल्क में चले एक मैसेज ने मंगलवार को सपा और भाजपा खेमे में हलचल मचा दी है। मैसेज के माध्यम से सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव के रिश्तेदार और सिरसागंज से विधायक हरिओम यादव और भाजपा नेता पूर्व सांसद एसपी सिंह बघेल पर निशाना साधा गया है। इनके बारे में दावा किया है कि फीरोजाबाद संसदीय क्षेत्र में अच्छी पकड़ रखने वाले यह दोनों नेता अपनी-अपनी पार्टी छोड़कर ‘हाथी’ पर सवार होने जा रहे हैं। हालांकि दोनों ने इसका खंडन किया है।
मंगलवार को जो मैसेज लोगों को भेजे गए उसमें लिखा था कि दोनों 22 मार्च को शिकोहाबाद में रैली कर सकते हैं। इस मैसेज में यह भी लिखा है कि दोनों मिलकर 33 विधानसभा सीटें प्रभावित कर सकते हैं। मैसेज वायरल होने के बाद इसकी पुष्टि के लिए दोनों नेताओं के मोबाइल पर लोग कॉल करने लगे। दोनों से मैसेज के किए गए दावे को नकारा है।
यह साजिश है। मुख्यमंत्री को अवगत करा दिया है। बिना किसी नंबर के किसी एजेंसी से मैसेज पास किया गया है। अभी तक की जानकारी में पता चला कि एटा के निधौलीकलां में रहने वाले किसी व्यक्ति ने यह मैसेज वायरल किया है। जांच कराई जा रही है।
- हरिओम यादव, विधायक, सिरसागंज
मैसेज के माध्यम से किसी ने हमारी छवि खराब करने की कोशिश की है। हमने मैसेज भेजने वाले शख्स का पता करा लिया है। इसके खिलाफ साइबर क्राइम की संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
- एसपी सिंह बघेल, पूर्व सांसद, भाजपा
निशाना इन्हीं पर क्यों?
एक सियासी ‘शिकारी’ ने एक तीर से दो शिकार करने की कोशिश की है। दोनों ही कद्दावर नेता कभी सपा परिवार के करीबी हुआ करते थे। एसपी सिंह बघेल सपा से तीन बार सांसद रह चुके हैं। वर्ष 2009 में टिकट न मिलने पर बघेल और सपा के बीच दूरियां बढ़ गई थीं। इसके बाद दो बार बसपा से लोकसभा चुनाव लड़ चुके हैं। हाल ही में भाजपा की टिकट पर फीरोजाबाद लोकसभा सीट पर भाग्य आजमा चुके हैं। इधर, वर्ष 2009 में ही हुए उपचुनाव में फीरोजाबाद सीट से डिंपल यादव के चुनाव हारने के बाद पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते हरिओम यादव सहित पांच लोगों को पार्टी से निष्कासित किया गया था। हरिओम ने शिकोहाबाद में रैली कर शक्ति प्रदर्शन किया था। हालांकि कुछ समय बाद वह फिर से पार्टी में शामिल हो गए थे। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि एक ही संसदीय क्षेत्र के इन दो कद्दावर नेताओं पर क्यों निशाना साधा गया है।
यही समय क्यों चुना?
इसी सप्ताह सैफई में मुलायम सिंह यादव के परिवार में बड़ा समारोह होने जा रहा है। सांसद तेज प्रताप सिंह की शादी है। ऐसे में यहां तमाम समाजवादी नेताओं का जमघट होगा। वहीं, हाल ही में दिल्ली में भाजपा को करारी हार मिलने के बाद खेमे में हलचल है। वैसे भी उत्तर प्रदेश में अभी से 2017 के विधानसभा चुनाव की तैयारी शुरू हो गई हैं। ऐसे में इस मैसेज को वायरल कर राजनीति गलियारों को गरमाने की कोशिश की गई है।