फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भिंडी बनी मुसीबत: आगरा-दिल्ली हाईवे पर आफत, मुश्किल में पड़ गए लोग; एक के बाद एक गिरते रहे बाइक सवार

Mon, 06 Jul 2026 09:53 AM IST
Dhirendra Singh संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा

सार

सिकंदरा हाईवे पर सड़क पर बिखरी कच्ची भिंडी के कारण कई दोपहिया वाहन फिसलकर दुर्घटनाग्रस्त हो गए। तीन युवकों ने घायलों की मदद कर सड़क से भिंडी हटवाई और मिट्टी डलवाकर आगे होने वाले हादसों को टाल दिया।
विज्ञापन
भिंडी बनी मुसीबत - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा के सिकंदरा हाईवे पर दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के महाप्रबंधक कार्यालय के सामने कानपुर की ओर जाने वाले मार्ग पर रविवार को सड़क पर बिखरी कच्ची भिंडी हादसों का कारण बन गई। वाहनों के गुजरने से भिंडी सड़क पर पिसकर चिकनी हो गई, जिससे एक के बाद एक कई दोपहिया वाहन फिसलकर गिरते रहे। इस दौरान कई लोग घायल हो गए।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें -  इश्क में सनक की इंतहा: प्रेमिका ने शादी से किया मना, तो घर में घुसा प्रेमी; ऐसा कांड किया; तलाश में जुटी पुलिस


प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भगवती ढाबे के पास से खंदारी स्थित आधार सेवा केंद्र जा रहे उत्तम सिंह अपनी पत्नी रामरती देवी के साथ बाइक से गुजर रहे थे। सड़क पर फैली भिंडी के कारण उनकी बाइक अचानक फिसल गई। हादसे में रामरती देवी को गंभीर चोटें आईं, जबकि उत्तम सिंह भी घायल हो गए।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें -  ससुराल में मौत: शादी के नौ साल बाद विवाहिता की चली गई जान, ऐसी हुई हालत; मायके वालों ने लगाए गंभीर आरोप
विज्ञापन



घटना के कुछ ही देर बाद उसी स्थान पर कई अन्य दोपहिया वाहन भी फिसलकर गिर गए। लगातार हो रहे हादसों को देखकर वहां से गुजर रहे रामबाग निवासी अरविंद, जीतू व गैलाना निवासी अरुण तुरंत मौके पर रुक गए। तीनों युवकों ने घायलों को संभाला, उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया और प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई।

ये भी पढ़ें -  ट्रैक्टर बन गया काल: खाई में इस कदर पलटा, नीचे दबा तड़पता रहा किसान; लाश की हालत देख कांप गए घरवाले


इसके बाद तीनों ने सड़क पर फैली कच्ची भिंडी को हटाने का कार्य शुरू किया। इसी दौरान वहां से गुजर रहे एक ट्रैक्टर चालक की मदद लेकर सड़क पर मिट्टी डलवाई गई, ताकि फिसलन कम हो सके और आगे कोई बड़ा हादसा न हो। स्थानीय लोगों का कहना है कि समय रहते युवकों ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय नहीं दिया होता तो कोई गंभीर दुर्घटना हो सकती थी। उनकी तत्परता और सूझबूझ से कई लोगों की जान जोखिम में पड़ने से बच गई।

ये भी पढ़ें -   UP: शराब की लत, पिटाई, गुस्सा और सुरेंद्र की हत्या, आगरा में लाश बाथरूम में दफनाने से फर्श कराने तक की पूरी कहानी

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें