मेडिसिन विभाग की सभी इमरजेंसी सेवाएं ठप, सिर्फ ओपीडी चल रही, शिफ्टिंग के बाद नहीं शुरू हुईं सेवाएं
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मुख्यमंत्री का भले ही गरीबों को बेहतर चिकित्सकीय सेवाएं देने पर जोर हो, लेकिन एसएन मेडिकल कालेज में उनकी आकांक्षाओं पर पलीता लगाया जा रहा है। हालत ये है कि यहां 60 दिन से मेडिसिन विभाग की सभी इमरजेंसी सेवाएं बंद पड़ी हैं, सिर्फ ओपीडी ही चल रही। आईसीयू, डायलिसिस, ब्राेंकोस्कोपी, थोरैकोस्कोपी तक बंद पड़े हैं। ऐसी तमाम सेवाएं बंद होने से गरीब मरीज प्राइवेट में इलाज कराने को मजबूर हैं।
दरअसल, पांच अगस्त को मेडिसिन विभाग को जर्जर इमारत के चलते नेत्र रोग विभाग में शिफ्ट कर दिया गया था। तब से अभी तक इमरजेंसी सेवाओं शुरू नहीं की गई हैं।
ये सेवाएं पड़ी हैं बंद
सुविधा सप्ताह में आने वाले मरीज प्राइवेट में फीस(लगभग)
डायलिसिस 35-45 2000 रुपये
ईको 40-50 1500
एंडोस्कोपी 40-50 1000
ब्रोंकोस्कोपी 8-12 1500
दिमाग की जांच 30-40 1500
नसों की जांच 8-10 3000
विभाग शिफ्ट होने के चलते इन सेवाओं के लिए कालेज प्रशासन ने स्थान उपलब्ध नहीं कराया है, जैसे ही मिलेगा, सेवाएं शुरू करा दी जाएंगी।
- डा. पीके माहेश्वरी, विभागाध्यक्ष मेडिसिन विभाग
इन सभी सुविधाओं को सर्जरी विभाग की नई बिल्डिंग में शिफ्ट किया जाएगा। जल्द मरीजों को इनका लाभ मिलेगा।
- डा. सरोज सिंह, प्राचार्य
बंद पड़ी इमरजेंसी सेवाओं को शुरू कराने के लिए प्राचार्य को निर्देशित किया था। ऐसा नहीं हुआ है, तो मैं खुद कालेज का निरीक्षण कर हाल देखूंगा।
- गौरव दयाल, डीएम