लखनऊ हाईकोर्ट के अधिवक्ता द्वारा विधि छात्राओं के साथ जिला जज की अदालत में वाद दाखिल किया, जिसमें उन्होंने श्री कृष्ण जन्मस्थान की 13.37 एकड़ जमीन पर शाही ईदगाह को अतिक्रमण बताते हुए हटाये जाने की मांग की। इस दावे की सुनवाई एडीजे सप्तम संजय चौधरी की अदालत में हुई।
श्री कृष्ण जन्मस्थान ईदगाह प्रकरण में लखनऊ हाईकोर्ट बेंच के अधिवक्ता शैलेंद्र सिंह द्वारा जिला जज की अदालत में दायर किए गए केस में मंगलवार को श्री कृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान हाजिर हुआ। संस्थान के सचिव कपिल शर्मा के अधिवक्ता मुकेश खंडेलवाल ने अदालत से दावे की प्रति मांगी तथा कहा कि इस मामले में अन्य पक्षकारों को भी शामिल किया जाए। इसके चलते अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 26 सितंबर की तारीख तय की है। उधर, सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में चल रहे दो केसों में न्यायालय द्वारा सुनवाई के लिए 3 अक्तूबर की तिथि तय की है।
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लखनऊ हाईकोर्ट के अधिवक्ता द्वारा विधि छात्राओं के साथ जिला जज की अदालत में वाद दाखिल किया, जिसमें उन्होंने श्री कृष्ण जन्मस्थान की 13.37 एकड़ जमीन पर शाही ईदगाह को अतिक्रमण बताते हुए हटाये जाने की मांग की। इस दावे की सुनवाई एडीजे सप्तम संजय चौधरी की अदालत में हुई। केस में शाही ईदगाह द्वारा सोमवार को आपत्ति दाखिल की गई थीं, जिसका मंगलवार को पक्षकार को प्रत्युत्तर देना था, परंतु श्री कृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान के सचिव की ओर से हाजिर हुए अधिवक्ता ने अदालत से दावे के कागजात मांगे।
न्यायालय से अनुरोध किया गया कि इस केस में अन्य पक्षकारों को भी शामिल किया जाए। पक्षकार अधिवक्ता शैलेंद्र सिंह ने बताया कि श्री कृष्ण जन्मस्थान संस्थान के हाजिर होने के कारण अदालत ने सुनवाई के लिए अगली तारीख तय की है। शाही ईदगाह कमेटी के सचिव एडवोकेट तनवीर अहमद ने बताया कि अदालत में हमने अपनी आपत्ति दर्ज करा दी थी। मंगलवार को उस पर बहस नहीं हो सकी।
सिविल जज सीनियर डिवीजन में होगी 3 अक्तूबर को सुनवाई
मनीष यादव के अधिवक्ता सुरजीत यादव ने बताया कि अदालत ने सुनवाई की अगली तारीख 3 अक्तूबर तय की है। सोमवार को अदालत में उनके दावे पर 7 रूल 11 पर बहस होनी थी। अधिवक्ता शेलेंद्र सिंह ने बताया कि उनके केस में सुनवाई की अगली तारीख 3 अक्तूबर तय की है।