ताजनगरी में जूता निर्यातकों की ओर से आयोजित होने वाला मीट एट आगरा मेला की तारीख फिर तय हो गई हैं। 26 से 28 अक्तूबर तक चलने वाला तीन दिवसीय आयोजन पिछले साल से खास होने वाला है। इस बार इसमें घरेलू उद्यमियों को भी स्थान देने की तैयारी है। वे भी विदेशी कारोबारियों के साथ अपने सामान को प्रदर्शित कर सकेंगे।
आगरा फुटवियर मैन्युफैक्चरर एंड एक्सपोर्टर्स चैंबर (एफमैक) के अध्यक्ष पूरन डावर ने बताया कि कोरोना के चलते वर्ष 2020 खाली जाने के बाद अब 14 वां संस्करण लंबित पड़ा है। पिछले साल अक्तूबर और इस वर्ष फरवरी में कार्यक्रम निरस्त हो चुका है। अब इसे अक्तूबर में कराने की योजना बनी है।
यह मेगा शो होगा। क्योंकि बड़ी संख्या में घरेलू उद्यमियों को भी प्रतिभाग करने का मौका मिलेगा। विभिन्न राज्यों के कारोबारी आकर उनसे खरीदारी कर सकेंगे, तो इधर इंग्लैंड, अमेरिका, चीन, फ्रांस, जर्मनी, ब्राजील, वियतनाम, कोरिया आदि देशों से बड़ी कंपनियां शामिल होंगी। वे मशीन, कंपनेंट्स आदि का प्रदर्शन करेंगी।
इस बार बढ़ सकती है स्टॉल की संख्या
पदाधिकारियों के मुताबिक वर्ष 2007 में मीट एट आगरा के पहले संस्करण में 55 स्टॉल लगाई गई थी, जो 13 वें संस्करण तक 255 तक पहुंच गई। इस बार यह संख्या अधिक होंगी। क्योंकि घरेलू उद्यमी भी भाग लेने वाले हैं। वहीं, वर्ष 2019 में पांच हजार करोड़ रुपये के ऑर्डर मिले थे। 20 हजार लोगों ने शिरकत की थी।
जूता उद्योग पर एक नजर
- 150 निर्यात इकाइयां
- 3375 करोड़ का टर्नओवर
- तीन लाख लोगों को रोजगार
पहले से काफी बड़ा होगा आयोजन
एफमैक के उपाध्यक्ष गोपाल गुप्ता ने कहा कि इस बार मीट एट आगरा खास होगा। क्योंकि पहली बार निर्यातकों के साथ घरेलू उद्यमी भी शामिल होंगे। ऐसे में आयोजन पहले से काफी बड़ा होगा।
... कोरोना का प्रभाव कम हो सकता है
उपाध्यक्ष राजेश सहगल ने कहा कि कोरोना का टीकाकरण आमजन के लिए भी शुरू हो चुका है। ऐसे में उम्मीद है कि आयोजन आते-आते कोरोना का प्रभाव काफी कम हो सकता है।
घरेलू उद्यमियों को मिलेगा अच्छा अवसर
फ्रैटरनिटी ऑफ आगरा फुटवियर मैन्युफैक्चरर के अध्यक्ष कुलदीप सिंह कोहली ने कहा कि घरेलू उद्यमियों को मीट एट आगरा के साथ जुड़कर अच्छा अवसर मिल सकता है। देश भर से उद्यमी आकर हमारे सामान को देख सकेंगे।