विहिप नेता अरुण हत्याकांड के विरोध में 18 मार्च को कलेक्ट्रेट पर होने वाले महाघेराव की कमान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने संभाल ली है। प्रदर्शन के मुद्दे से लेकर भीड़ जुटाने तक की रणनीति संघ के निर्देशन में ही तय की जा रही है। प्रदर्शन में नेताओं की भूमिका माधव भवन तय कर रहा है। ऐसे में भाजपा नेता भी सक्रिय हो गए हैं।
बता दें कि 25 फरवरी को मंटोला क्षेत्र में अरुण माहौर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इसके विरोध में 18 मार्च को दलित गर्जना न्याय मोर्चा की अगुवाई में विशाल प्रदर्शन की तैयारी की जा रही है। इस नये मोर्चे की आड़ में भाजपा भी सपा सरकार के खिलाफ सीधा मोर्चा खोल रही है। विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल तथा आरएसएस से जुड़े तमाम संगठन इस प्रदर्शन में शामिल होंगे।
मगर, कमान संघ के पास है। प्रदर्शन में बीस हजार की भीड़ जुटाने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें कहीं चूक न हो जाए, इसलिए संघ भाजपा और अन्य संगठनों से सीधे संवाद कर उन्हें दिशा-निर्देश दे रहा है। संघ पदाधिकारियों के जुड़े होने से भाजपाई भी पूरे जोश से तैयारियों में जुटे हैं क्योंकि सारी रणनीति माधव भवन (संघ कार्यालय) से संचालित हो रही है। ऐसे में कोई नेता संघ पदाधिकारियों की नजर में अपने नंबर खराब नहीं करना चाहता।