फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फोरलेन- 20 नमूने लेकर लखनऊ लौटी टीएसी की टीम

विज्ञापन
विज्ञापन
कासगंज। फोरलेन सड़क निर्माण में मानक विहीन काम की चार महीने पहले हुई शिकायत की जांच शासन से आई टीएसी की टीम द्वारा की गई। भौतिक सत्यापन के साथ ही 20 नमूने एटा-कासगंज के बीच से संकलित किए गए। जिनकी जांच टेक्निकल प्रयोगशाला में होगी। इस संबंध में स्थानीय स्तर पर पीडब्ल्यूडी को टीम ने कोई भी जानकारी साझा नहीं की है। अगली जो भी कार्रवाई होगी वह शासन से ही तय होगी।
विज्ञापन

बीते साल फोरलेन सड़क निर्माण में गुणवत्ता विहीन काम का आरोप लगाकर शासन स्तर पर कई शिकायतें पहुंची थी। इस पर बुधवार को जिले में जांच के लिए टेक्निकल ऑडिट सेल (टीएसी) आई। टीम ने देर शाम तक कासगंज-एटा के बीच कई जगह जांच की और 20 नमूने संकलित किए। देर रात यह टीम वापस लखनऊ पहुंच गई लेकिन कोई भी जानकारी या जांच रिपोर्ट लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ साझा नहीं की। यहां तक कि जांच और नमूने लेने में भी लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को शामिल नहीं किया था। टीएसी द्वारा की गई जांच से अब कार्यदायी संस्था में खलबली है। क्योंकि अब जो भी अग्रिम कार्रवाई होगी या शिकायत का जो भी समाधान होगा वह शासन स्तर से ही होना है। पूरी तरह यह जांच रिपोर्ट टीम ने गोपनीय रखी है।
जगह-जगह जांच को दौड़ी टीम, मची रही खलबली
टीएसी की टीम प्राविधिक परीक्षक संजय सिंह के नेतृत्व में आई थी। टीम शहर की आबादी के अलावा बाहरी क्षेत्र तक नमूने संकलित करने को दौड़ती रही। इस दौरान कार्यदायी संस्था के ठेकेदार और सुपरवाइजरों में खलबली देखी गई। हालांकि टीम की मौजूदगी में फोरलेन सड़क निर्माण का काम शहर में हुआ।
विज्ञापन

आंकड़ों की नजर में -
- 40 किलोमीटर एटा-कासगंज के बीच बन रहा फोरलेन।
- 320 करोड़ रुपये पूर्व में स्वीकृत थी धनराशि।
- 20 करोड़ रुपये और लागत बढ़ने का गया था प्रस्ताव।
वर्जन-
- टीएसी की टीम जांच के लिए आई थी। बुधवार शाम तक नमूने लिए और रात को यह टीम लौट गई। बस इतनी जानकारी है कि 20 नमूने टीम ने लिए हैं और कोई जानकारी उन्होंने साझा नहीं की। - सुधीर कुमार, अधिशासी अभियंता, पीडब्ल्यूडी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें