श्रमनेर शिविर से पूर्व पूजा करते बौद्ध भिक्षु।
भोगांव। ग्राम जसराजपुर के वाईबीएस सेंटर में बरसावास से शरद पूर्णिमा तक चलने वाला श्रमनेर शिविर का शुभारंभ भगवान बुद्ध की पूजा अर्चना के साथ शुरू हो गया। शिविर में तीन माह तक भिक्षु एवं बच्चे रहकर धर्म संबंधी शिक्षा ग्रहण करेंगे।शुक्रवार को डाक्टर भिक्षु उपनंद्र थेरो के निर्देशन में तीन माह तक चलने वाले श्रमनेर शिविर की शुरुआत की गई। पहले दिन उन्होंने बौद्ध भिक्षुओं को बरसावास के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बरसावास तीन माह का होता है। तीन माह तक भंते लोग विहार में रहकर ध्यान साधना करते हैं। जो लोग बरसावास में रह रहे होते हैं उन्हें इधर उधर जाने की इजाजत नहीं होती। उन्हें एक ही जगह रहकर धर्म का अध्ययन करना होता है। प्रथम दिवस पाली भाषा के सूत्रों का संगायन किया गया। इस अवसर पर सुरेश बौद्ध, भंते आनंद, भंते प्रियनंद, भत्ते धम्मानंद, रेखा शाक्य, अर्चना शाक्य, पंकज शाक्य, भंते प्रियदर्शी, भंते धम्मानंद मौजूद रहे।