मृतक के परिजनों को समझाती पुलिस
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इमरजेंसी से शव ले जाने लगे परिजन
शाम तकरीबन साढ़े पांच बजे परिजन शव को स्ट्रेचर पर लेकर थाना हरीपर्वत की तरफ एमजी रोड पर पैदल खींचकर ले जाने लगे। परिजनों को स्ट्रेचर लेकर जाता देखकर पुलिस के हाथपांव फूल गए। पुलिसकर्मी पीछे दौड़ पड़े। परिजन भी दौड़ लगाने लगे। पुलिस ने परिजनों को रोकने का प्रयास किया। महिलाएं पुलिस से भिड़ गईं।
राजामंडी चौराहे पर पुलिस ने स्ट्रेचर को घेर लिया। इस पर परिजनों की पुलिस से खींचतान और धक्कामुक्की होने लगी। इससे मार्ग पर जाम लग गया। अफरातफरी मच गई। पुलिस और परिजनों के बीच हाथापाई भी हुई। पुलिस ने लाठियां फटकारीं। इसके बाद शव को इमरजेंसी तक लाए। एंबुलेंस में रखकर पोस्टमार्टम गृह ले गए। तनाव को देखते हुए पोस्टमार्टम गृह और मंडी सईद खां में पुलिस बल तैनात की गई।
एसपी सिटी विकास कुमार ने बताया कि चीता मोबाइल बैंक चेकिंग कर रही थी। पुलिस के सायरन बजाने पर एचडीएफसी बैंक के पास खाली मैदान में बैठे लोग भागने लगे। वो संभवत: जुआ खेल रहे थे। भागने वालों में भगवानदास भी शामिल था। वह अचानक गिर पड़ा। इस पर साथी आटो चालक इमरजेंसी लाया था, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस पर पिटाई का आरोप निराधार है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी है।