कोरोना संक्रमण बढ़ने के साथ रात्रि कर्फ्यू लगाया गया है। इसके सख्ती से पालन के निर्देश हैं। सर्दी बढ़ी है। ऐसे में चोरी की वारदात का खतरा भी बढ़ा है। इसके बावजूद शहर के चौराहों और बूथ पर पुलिस नजर नहीं आ रही। बुधवार रात 11: 30 बजे से एक बजे तक अमर उजाला की टीम ने कारगिल चौराहा, लोहामंडी, नालबंद, संजय प्लेस इलाके में पुलिस की गतिविधियां चेक की गईं तो यह स्थिति मिली। पुलिस के बूथ बंद पड़े थे तो बैरियर खाली थे। चेकिंग कहीं भी नहीं दिखी।
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कारगिल चौराहा: रात 11:45 बजे
बूथ पर नहीं, मार्केट में कुर्सी पर बैठे पुलिसकर्मी
चौराहे पर एक एटीएम के पास कुछ युवक खड़े हैं। रास्तों से वाहन भी निकल रहे हैं। पुलिस बूथ के बाहर बैरियर लगा है लेकिन यहां कोई पुलिसकर्मी नहीं है। बूथ के पीछे मार्केट में दो पुलिसकर्मी मौजूद हैं। एक कुर्सी पर बैठा है जबकि दूसरा पीछे की तरफ खड़ा है। इनमें से कोई भी आते-जाते लोगों को चेक नहीं कर रहा था। यह तब था जब चौराहे पर कई बैंक और एटीएम है। यहां पर लूट और चोरी की वारदात भी हो चुकी हैं।
लोहामंडी बाजार: रात 12:00 बजे
बूथ का दरवाजा बंद, बाजार में गश्त तक नहीं
लोहामंडी बाजार में बैरियर पर कोई पुलिसकर्मी नहीं था। बूथ के दरवाजे की बाहर से कुंडी लगी हुई थी। करीब आधा घंटा तक बाजार में गश्त करने के लिए कोई नहीं आया। लोहामंडी में पूर्व में चोरी की वारदात हो चुकी हैं। रात्रि कर्फ्यू होने के बावजूद लोग निकल रहे थे।
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नालबंद चौराहा
- फोटो : अमर उजाला
नालबंद चौराहा: रात 12:15 बजे
बैरियर लगे, पर पुलिस का अता पता नहीं
नालबंद चौराहे पर पुलिस के बूथ न बैरियर पर कोई पुलिसकर्मी है। बूथ के अंदर अंधेरा पड़ा है। आसपास भी कोई पुलिसकर्मी नहीं दिखा। यहां से 200 मीटर की दूरी पर थाना नाई की मंडी है। संजय प्लेस: रात 12: 30 बजे
बैंक के अंदर कुर्सी पर बैठे रहे पुलिसकर्मी
संजय प्लेस चौकी में पुलिसकर्मी मौजूद हैं। यहां सड़क के किनारे बैरियर भी लगे हैं लेकिन इन पर पुलिसकर्मी नहीं नजर आए। एक निजी बैंक के अंदर पुलिसकर्मी कुर्सी पर बैठे हुए हैं। रास्ते से पैदल और वाहन से लोग निकल रहे हैं। सूरसदन मार्ग पर चीता मोबाइल की बाइक खड़ी है, पुलिसकर्मी आसपास नहीं दिखे। गश्त को और प्रभावी बनाएंगे
रात्रि गश्त के पुलिसकर्मियों को दिशा निर्देश दे रखे हैं। इस सप्ताह चोरी और लूट की वारदात कि बात करें तो न के बराबर हैं। रात्रि कर्फ्यू का पालन कराने के निर्देश सभी थाना पुलिस को दिए हैं। पहले सिपाहियों की संख्या कम थी। अब नए सिपाही मिल गए हैं। गश्त को और प्रभावी बनाया जाएगा। सुधीर कुमार सिंह, एसएसपी
कलक्ट्रेट में बिना मास्क के घूमते कुछ लोग
- फोटो : अमर उजाला
आगरा में कोरोना संक्रमण के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। बचाव के लिए रात्रि कर्फ्यू लगाया गया है। इधर बाजारों में नियम तार-तार हो रहे हैं। कोविड गाइडलाइन का पालन न बाजारों में हो रहा है न विभागों में। मास्क नहीं लगाने पर लोगों को टोका तक नहीं जा रहा। चालान हो रहे हैं न उचित दूरी के लिए सख्ती की जा रही है। वर्ष 2020 और 2021 में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ने पर पुलिस ने सख्ती की थी। बिना मास्क पहनकर घरों से निकलने वाले लोगों के चालान काटे गए थे। साल 2020 में 54,106 चालान और 1,09,88,400 रुपये शमन शुल्क वसूला गया। वर्ष 2021 में जुलाई तक 1,08,340 चालान कर 2,23,85,800 रुपये का शमन शुल्क वसूला गया। भगवान टाकीज: दोपहर 1:00 बजे
चौराहे पर भीड़भाड़ हो रही है। ऑटो और बस में सवारियां बैठाई जा रही हैं। पैदल और अपने निजी वाहनों से भी लोग निकल रहे हैं। मगर, चौराहे पर कही भी मास्क की चेकिंग नहीं नजर आ रही है। शाहगंज बाजार: दोपहर 12:00 बजे
शाहगंज बाजार में भीड़ का आलम है। निजी वाहनों से लेकर सवारी वाहनों में कोविड गाइडलाइन का पालन नहीं किया जा रहा है। दुकानों में आने वाले अधिकांश ग्राहक मास्क नहीं लगाए हैं। बाजार में पुलिस भी नहीं है। कलक्ट्रेट:दोपहर 12:30 बजे
कलक्ट्रेट के मुख्य गेट पर थर्मल स्क्रीनिंग की कोई व्यवस्था नहीं है। पुलिसकर्मी बिना मास्क के निकलने वाले लोगों को भी नहीं टोक रहे हैं। जिलाधिकारी कार्यालय की ओर जाने वाले मार्ग पर होमगार्ड खड़े हैं, वह भी मास्क नहीं पहने हैं। मास्क नहीं पहनने पर चालान
कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ने पर लोगों को मास्क पहनने और दो गज की दूरी का पालन करने के लिए जागरूक किया जा रहा है। थाना पुलिस को भी निर्देशित किया है। विभागों में ‘नो मास्क, नो एंट्री’ के लिए कहा गया है। जो लोग और कर्मचारी मास्क नहीं पहनेंगे, उनके चालान काटने के निर्देश दिए हैं। -सुधीर कुमार सिंह, एसएसपी