डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय के लिए 83वां दीक्षांत समारोह एक अविस्मरणीय क्षण रहा। इस दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में कोई और नहीं बल्कि इसी विश्वविद्यालय के छात्र रहे स्वयं राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद शामिल हुए। खुद राज्यपाल राम नाईक ने इस बात का जिक्र अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में किया।
राज्यपाल राम नाईक ने कहा कि यह मेरे उत्तर प्रदेश और खासकर आगरा के लिए गौरव की बात है कि माननीय राष्ट्रपतिजी का प्रदेश के किसी भी उच्च शिक्षण संस्थान में पहला दीक्षांत उद्बोधन है। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद खुद इस विश्वविद्यालय के मेधावी छात्र रहे हैं। ऐसे में यह अवसर और महत्वपूर्ण हो जाता है।
बता दें कि कानपुर देहात के गांव में जन्मे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अपनी उच्च शिक्षा कानपुर के डीएवी कालेज से पूरी की थी। उस समय डीएवी कालेज आगरा विश्वविद्यालय (वर्तमान में डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय) से ही संबद्ध था। वर्तमान में यह कानपुर विश्वविद्यालय (छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय) का कालेज है।
राज्यपाल के बाद अपने उद्बोधन में राष्ट्रपति ने आगरा विश्वविद्यालय की याद ताजा करते हुए कहा कि ये ही एकमात्र ऐसा विश्वविद्यालय है जिसने देश को दो राष्ट्रपति, दो प्रधानमंत्री और कई राज्यपाल दिए हैं। इसके बाद उन्होंने बेटियों के परिणाम को देश की प्रगति का कदम बताया।