अवैध वसूली के लिए बदनाम पुलिस की एक और बड़ी ही शर्मनाक करतूत सामने आई है। पुलिस ने एक स्पा सेंटर पर छापा मारकर तीन महिला कर्मचारियों को हिरासत में लिया और फिर उसके संचालक को गिरफ्तारी की धमकी देकर 10 लाख रुपये वसूल लिए। आरोप है कि इसके बाद 10 लाख और मांग लिए। इस पर स्पा मालिक एसएसपी के पास पहुंच गया। कप्तान ने पहले पुलिस टीम से रकम वापस कराई। इसके बाद इंस्पेक्टर न्यू आगरा थाना अजय पाल सिंह को लाइन हाजिर कर दिया। पूरे मामले की जांच के आदेश भी दे दिए गए हैं।
पुलिस ने मंगलवार रात को स्पा सेंटर पर छापा गांव धांधुपुरा ताजगंज के एक महीने से लापता चल रहे युवक आशीष अग्रपाल उर्फ आशू के बारे में जानकारी करने के लिए मारा था। शक था कि कहीं वह स्पा सेंटर पर काम न करने लगा हो। सेंटर पर काम करने वाली मिजोरम की तीन महिलाओं को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया गया था। आशू के अपहरण की रिपोर्ट सिकंदरा थाना में दर्ज है। एसएसपी के निर्देश पर इसकी जांच पुलिस टीम कर रही है। इस टीम में इंस्पेक्टर अजयपाल सिह के अलावा पुलिस के दो अधिकारी भी शामिल हैं।
स्पा सेंटर पर मिली युवतियों सेे पुलिस ने आशू के बारे में पूछताछ की। उन्होंने पुलिस को बताया कि वे आठ दिन पहले ही आगरा आईं हैं। एसएसपी राजेश डी. मोदक ने भी महिला थाने में उनसे पूछताछ की। बुधवार शाम को तीनों युवतियों को छोड़ दिया गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि मंगलवार रात से बुधवार के बीच ही पुलिस ने स्पा मालिक से सौदेबाजी की।
उन्हें धमकी दी गई कि अगर 20 लाख नहीं दिए तो जेल जाना पड़ेगा। इस पर उसने दस लाख दे भी दिए। इसके बाद पुलिस दस लाख और मांगने लगी तो वह एसएसपी के पास पहुंच गया। उसने एसएसपी को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। एसएसपी राजेश डी. मोदक ने बताया कि स्पा मालिक को धमकाकर दस लाख रुपये वसूलने की शिकायत आई थी। वसूली गई रकम इंस्पेक्टर से स्पा मालिक को वापस कराई गई। इस पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है। कड़ी कार्रवाई की जाएगी।