कासगंज। सोरोंजी के क्षेत्र लहरा घाट पर गंगा की धार को छोटे एरिया में रोक कर जहरीली दवा डाल दी गई। इससे मछलियां मर रही हैं। मामले की शिकायत ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से की है। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई।
लहरा गंगा घाट निवासी बबलू पंडित का कहना है कि गंगा दो धारों में बट रही है। एक धार छोटी है। सहसवान क्षेत्र के गांव धापड़ के कुछ लोगों ने धार पर अस्थायी बांध बनाकर गंगा की धार को रोक दिया है। आरोप है कि इन्होंने रुके हुए पानी में जहरीली दवा डाल दी। इससे मछलियां मर रही हैं। लहरा गंगा घाट पर मध्य प्रदेश, राजस्थान, गुजरात व मथुरा, आगरा आदि स्थानों से तीर्थ यात्री गंगा स्नान के लिए पहुंचते हैं।
मछलियों के मरने और पानी का बहाव रुकने के कारण श्रद्धालुओं की आस्था को ठेस पहुंचती है जिलाधिकारी से शिकायत कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग करने वालों में महेंद्र, भूपेश शर्मा सहित अन्य लोग शामिल हैं।