प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 20 नवंबर को प्रस्तावित रैली के सप्ताहभर के भीतर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव अपनी साइकिल दौड़ा सकते हैं। सीएम 27 नवंबर को आगरा-इटावा के बीच विकसित हो रहे साइकिल ट्रैक पर साइकिल चलाकर इसका शुभारंभ कर सकते हैं। इसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।
बता दें कि पिछले साल मुख्यमंत्री ने बर्ड फेस्टिवल का शुभारंभ करते हुए आगरा से इटावा के बीच साइकिल ट्रैक बनाने की घोषणा की थी। सीएम के प्राथमिकता वाले इस प्रोजेक्ट को पूरा करने की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को सौंपी गई। इसका लगभग 95 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। विभाग का दावा है कि 208 किमी लंबे ट्रैक का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। फिलहाल फिनिशिंग वर्क चल रहा है। हालांकि इस ट्रैक के बीच में ऊटगंन नदी पर एक पुल का निर्माण भी होना है। पहले यह राज्य सेतु निगम को बनाना था लेकिन बाद में जब इस पुल को छोटा बनाने का निर्णय हुआ तो इसकी भी जिम्मेदारी पीडब्ल्यूडी को सौंप दी गई। अब ये पुल न तो ज्यादा ऊंचा होगा और न ही ज्यादा चौड़ा। फिलहाल पुल का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है।
अधिशासी अभियंता प्रभाकर का कहना है कि ऊटगंन बरसाती नदी है, फिलहाल ये सूखी हुई है। ऐसे में फिलहाल नदी में ही रोड बना दी जाएगी। बाद में पुल का निर्माण कार्य शुरू होगा। इधर, मुख्यमंत्री के प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन ने भी तैयारी शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि सीएम ताजगंज में साइकिल ट्रैक पर साइकिल चलाकर इसका शुभारंभ करेंगे।
इनसेट
रखरखाव के अभाव
में कूड़े से पटा ट्रैक
मॉल रोड और फतेहाबाद रोड के बीच साइकिल ट्रैक का कार्य कई महीने पहले ही पूरा हो चुका है लेकिन रखरखाव के अभाव में इनका कोई उपयोग नहीं हो पा रहा। साइकिल तो दूर इस ट्रैक पर पैदल गुजरना भी मुश्किल है। ट्रैक का अधिकांश हिस्सा कूड़े से पटा पड़ा है। कई जगह से टूट भी गया है। कुछ स्थानों पर अतिक्रमण भी हो गया है।