डा. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय में मार्कशीट, डिग्री के लिए महीनों, सालों से चक्कर काट रहे छात्रों को रोता बिलखता देखा जा सकता है। शुक्रवार को डिग्री सेक्शन के बाहर आंध्र प्रदेश से डिग्री के लिए आए छात्र रामसुंदर का रो-रोकर बुरा हाल था। बताया कि साल 2007 में उसने सेंट जोंस से एमएससी किया था। 2011 में एमएससी की डिग्री के लिए आवेदन किया। अब वह आंध्र प्रदेश से पीएचडी कर रहा है। थीसिस पूरी हो चुकी है, लेकिन वहां के विश्वविद्यालय ने एमएससी की डिग्री न होने पर थीसिस जमा करने से मना कर दिया है। पिछले चार साल से वह चक्कर काट रहा है। कुलपति, कुलसचिव के आश्वासन के बावजूद डिग्री तैयार नहीं हो रही है।