फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उपमुख्यमंत्री के निरीक्षण के बाद का हाल: जिला अस्पताल में मरीज को गोद में उठाकर ले गए तीमारदार, न स्ट्रेचर मिला न वार्ड ब्वाय

Sat, 07 May 2022 09:28 AM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को निरीक्षण में गुड फील कराने के लिए जिला अस्पताल में जगह-जगह व्हील चेयर व स्ट्रेचर रखे गए थे। अगले ही दिन फिर व्यवस्थाएं बदहाल हो गईं। 
विज्ञापन
बुजुर्ग महिला को गोद में उठाकर पहुंचा तीमारदार - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा के जिला अस्पताल में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद के निरीक्षण के एक दिन बाद शुक्रवार को हालात फिर बदले दिखे। मरीजों को न स्ट्रेचर मिले न वार्ड ब्वाय, मजबूरन तीमारदार उन्हें गोद में लेकर जांच के लिए गए। दवा के इंतजार में तो एक महिला अपने मासूम बच्चे के साथ घंटे भर से ज्यादा समय तक बैठी रही। यह हालात तब है जब उपमुख्यमंत्री शुक्रवार को भी शहर में थे। हालांकि बृहस्पतिवार को निरीक्षण में यहां उपमुख्यमंत्री को सब चकाचक दिखाया गया था। 

विज्ञापन


बृहस्पतिवार को उपमुख्यमंत्री को निरीक्षण में गुड फील कराने के लिए जिला अस्पताल में जगह-जगह व्हील चेयर व स्ट्रेचर रखे गए थे। स्ट्रेचर पर नई चादरें पड़ी थीं। उनके पास स्टाफ भी बैठाया गया था, जबकि शाम को ओपीडी बंद हो चुकी थी। शुक्रवार को नजारा पूरी तरह बदला दिखा। 

मरीज को गोद में उठाकर पहुंचे तीमारदार 

ओपीडी के दौरान भी मरीजों को स्ट्रेचर व व्हीलचेयर पर ले जाने वाला कोई नहीं था। बुजुर्ग महिला के पैर में प्लास्टर लगवाने के बाद तीमारदार गोद में उठाकर बाहर ले गए। नगला पदी की रहने वाली महिला अपने आठ वर्ष के बच्चे को लेकर टीबी की दवा लेने जिला अस्पताल पहुंची थी। कक्ष संख्या 45 में दवा मिलती है, उसमें ताला बंद था। घंटे भर से ज्यादा समय तक इंतजार करने के बाद भी कोई नहीं आया। ओपीडी के गेट पर हेल्प डेस्क पर भी कोई व्यवस्था नहीं थी। मरीजों व तीमारदारों की थर्मल स्कैनिंग नहीं की गई। 

Trending Videos
विज्ञापन

वार्ड ब्वाय की कमी है

जिला अस्पताल के प्रमुख अधीक्षक  डॉ. अशोक अग्रवाल ने कहा कि ओपीडी, इमरजेंसी सभी जगहों पर स्ट्रेचर व व्हील चेयर रखवाए गए हैं। जिला अस्पताल में वार्ड ब्वाय की कमी है। सभी जगहों पर उनकी उपलब्धता नहीं है। तीमारदारों के स्ट्रेचर के इस्तेमाल पर रोक नहीं है। टीबी की दवा सीएमओ कार्यालय के डीटीओ की ओर से उपलब्ध कराई जाती है। जिला अस्पताल की ओर से बस कमरा उपलब्ध कराया गया था। डीटीओ के स्टाफ को सुबह 11 बजे फोन मिलवाया गया, उन्होंने बताया कि सीएमओ कार्यालय की ओर से फील्ड में भेजा गया है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें