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मानकों से खिलवाड़, शव वाहन में ले जा रहे थे मरीज, विभाग ने गाड़ी की सीज

Fri, 03 May 2019 10:55 PM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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विभाग ने गाड़ी की सीज - फोटो : अमर उजाला
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खटारा वैन ही नहीं शव वाहन को भी एंबुलेंस के तौर पर उपयोग कर मरीजों की जान से खिलवाड़ किया जा रहा है। परिवहन विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने शुक्रवार को एसएन मेडिकल कालेज इमरजेंसी के पास शव वाहन पकड़ा। इसमें मरीज को लेकर इमरजेंसी में भर्ती कराने आया था। टीम ने वाहन का चालान कर सीज कर दिया है।
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दो दिन अभियान चलाने के बाद एक बार फिर परिवहन विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम को लेकर छापेमारी पर निकला। एसएन मेडिकल कालेज इमरजेंसी के पास एंबुलेंस लिखा वाहन पकड़ा। लाल बत्ती भी लगी हुई थी। 

जब वाहन के अंदर जांच की जो दवाओं की किट, ऑक्सीजन सिलिंडर समेत एंबुलेंस के लिए आवश्यक एक भी मानक नहीं था। इसमें डीप फ्रीजर (शव रखने को एसी ताबूत) की भी व्यवस्था थी। 
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पूछताछ में चालक ने बताया कि यह मरीज मथुरा रिफायनरी के पास माहेश्वरी हास्पिटल से एसएन मेडिकल कालेज में भर्ती कराने लाए हैं। टीम ने मरीज को इमरजेंसी में शिफ्ट कराते हुए इसको सीज कर दिया है। एसीएमओ डॉ. पीके शर्मा ने बताया कि एंबुलेंस लिखे वाहन में चिकित्सकीय मानक नहीं थे, मरीज भर्ती करने लाए थे। इससे मरीज की जान पर भी बन सकती थी। टीम में डिप्टी सीएमओ डॉ. शशिकांत राहुल भी रहे।

वाहन चालक की कारस्तानी देखकर परिवहन विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम भी दंग रह गई। यह वाहन परिवहन विभाग के यहां एंबुलेंस के तौर पर पंजीकृत है, लेकिन मौके पर एंबुलेंस का एक भी मानक और चिकित्सकीय सुविधा नहीं मिली। डीप फ्रीजर था और मरीज ढोने का कार्य भी किया जा रहा था। टीम की पूछताछ में चालक ने बताया कि इसी वाहन से शव और मरीज लाने-ले जाने में उपयोग करते हैं। 

अनिल कुमार आरटीओ (प्रवर्तन) ने बताया कि वाहन एंबुलेंस में पंजीकृत है, लेकिन मौके पर मानक नहीं मिले। वाहन में डीप फ्रीजर भी लगा हुआ था, इसी में मरीज भी लेकर आए। इस तरह से एक ही वाहन से मरीज और शव लाने-ले जाने का कार्य किया जा रहा था। वाहन को सीज कर दिया है। 

सीएमओ डॉ.मुकेश कुमार वत्स का कहना है कि शव और मरीजों के लिए एक ही वाहन उपयोग किया जा रहा था। एंबुलेंस के लिए आवश्यक एक भी मानक वाहन में नहीं मिला। मथुरा से मरीज लाया गया था। मथुरा के सीएमओ को संबंधित हास्पिटल के खिलाफ कार्रवाई के लिए लिखा जाएगा। 
 
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