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UP: छलांग लगाने के बाद दिशा भटका पैराट्रूपर..दिखाई सूझबूझ, ड्रापिंग जोन से पांच किमी दूर की सुरक्षित लैंडिंग

Tue, 22 Apr 2025 01:49 AM IST
अरुन पाराशर संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा

सार

मलपुरा ड्रापिंग जोन में छलांग लगाने के बाद पैराट्रूपर तेज हवा में दिशा भटक गया। पैराट्रूपर ने अपने ड्रापिंग जोन से करीब पांच किमी दूर लैंडिंग की। यह नजारा देखकर आसपास के ग्रामीण खेत पर पहुंच गए। हादसे में कोई चोट नहीं आई है। वायु सेना की टीम उसे अपने साथ ले गई।
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पैराट्रूपर। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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आगरा के मलपुरा ड्रापिंग जोन से सोमवार दोपहर को तेज हवा में दिशा भटकने के कारण वायुसेना के पैराट्रूपर ने सूझबूझ दिखाते हुए जखा गांव के खेत में सुरक्षित लैंडिंग की। इस दौरान उन्हें कोई चोट नहीं आई। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। इसके बाद वायु सेना परिसर से सैन्य कर्मी पैराट्रूपर को अपने साथ ले गए।
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घटना किरावली के गांव जखा की है। सोमवार दोपहर को मलपुरा ड्रापिंग जोन में प्रशिक्षण के दाैरान एयरफोर्स के विमान से पैराट्रूपर ने छलांग लगाई। तभी वायुसेना का एक पैराट्रूपर तेज हवा में दिशा भटकने के कारण अनियंत्रित हो गया। वह अपने ड्रापिंग जोन से 5 किलोमीटर की दूरी पर किरावली स्थित गांव जखा पहुंच गए।

 

पैराट्रूपर ने सूझबूझ का परिचय दिया। वह खुद को खेतों में ले गए। हालांकि कुछ ही दूरी पर हाईटेंशन लाइन थी। अगर, जरा सी देर होती तो पैराशूट विद्युत लाइन में फंस सकता था, लेकिन पैराट्रूपर ने गेहूं के खाली खेत में सेफ लैंडिंग कर ली। यह नजारा देखकर आसपास के ग्रामीण खेत पर पहुंच गए।

 
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उन्होंने जवान को पानी पिलाया। ग्रामीणों की सूचना पर किरावली थाने से फोर्स पहुंच गया। पुलिस ने वायुसेना के अफसरों को जानकारी दी। इसके बाद सेना के जवान पैराट्रूपर को अपने साथ ले गए। इंस्पेक्टर ने बताया कि आरएस रंधावा नामक पैराट्रूपर दिशा भटकने के कारण ड्रापिंग जोन से करीब पांच किलोमीटर दूर जाकर लैंडिंग कर सके। हादसे में कोई चोट नहीं आई है। वायु सेना की टीम उसे अपने साथ ले गई।

तेज हवा में दिशा से भटक जाते हैं पैराट्रूपर
वायु सेना के रिटायर्ड अधिकारी ने बताया कि तेज हवा की वजह से कई बार पैराट्रूपर अपनी दिशा से भटक जाते हैं। मौसम का आकलन करने के लिए पहले से ही जानकारी जुटाई जाती है। फिर भी किसी तरह की समस्या होती है तो उससे निपटने के लिए पैराट्रूपर्स को प्रशिक्षित किया जाता है।





 
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