फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Banke Bihari Mandir: ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से होंगे वृंदावन में बांके बिहारी के दर्शन, सेवायत गोस्वामी भी सहमत

Thu, 06 Apr 2023 08:43 PM IST
धीरेन्द्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा

सार

ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में हर दिन बढ़ रही भक्तों की भीड़ से हालात बिगड़ रहे हैं।  इससे निपटने के लिए जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन के बीच चल रही वार्ता के अनुसार मंदिर के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से दर्शन कराने की योजना की तैयारियां शुरू हो गईं हैं।
विज्ञापन
बांके बिहारी मंदिर पर उमड़ी भक्तों की भीड़ - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मथुरा के वृंदावन में ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से श्रद्धालुओं को दर्शन कराने की व्यवस्था पर चल रही प्रशासनिक तैयारियों के बीच मंदिर के सेवायत भी इसे सही मान रहे हैं। मंदिर के सेवायत गोस्वामियों का मानना है कि ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से दर्शन कराने की योजना से मंदिर की व्यवस्था में सुधार हो सकता है तो इसे लागू कर दिया जाना चाहिए, लेकिन सेवायतों के हितों का भी ध्यान रखा जाना भी आवश्यक है।

इसलिए की जा रही ये व्यवस्था

ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में हर दिन बढ़ रही भक्तों की भीड़ से हालात बिगड़ रहे हैं। गलियों से लेकर मंदिर प्रांगण में भीड़ का दबाव बना रहता है। शनिवार-रविवार एवं त्योहार के बाद अब हर दिन मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ हो रही है। इस भीड़ के चलते मंदिर की व्यवस्थाएं बिगड़ रहीं हैं। इससे निपटने के लिए जिला प्रशासन और मंदिर प्रबंधन के बीच चल रही वार्ता के अनुसार मंदिर के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से दर्शन कराने की योजना की तैयारियां शुरू हो गईं हैं। मंदिर प्रबंधन और जिला प्रशासन ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन योजना को लागू करने को लेकर मसौदा तैयार करने में लगा है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - व्यापार में घाटा: चूड़ी कारोबारी ने दी धमकी, तो कारीगर ने पी लिया तेजाब; तड़पते हुए निकली जान
 
विज्ञापन

सेवायतों ने रखी ये मांग

इधर मंदिर के सेवायत गोस्वामी इस व्यवस्था को लेकर उनके हित का ध्यान रखे जाने की मांग कर रहे हैं। मंदिर के सेवायत गोस्वामी प्रह्लाद वल्लभ गोस्वामी ने कहा कि अगर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से दर्शन कराए जाने से मंदिर की व्यवस्थाओं में सुधार होता है तो उन्हें इस पर कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन कुछ बदलाव भी जरूरी है। इस ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन से दर्शन कराए जाने की व्यवस्था से मंदिर के सेवायतों और स्थानीय लोगों को दूर रखा जाना चाहिए। स्थानीय लोगों को उनकी आईडी दिखाकर दर्शन करने की व्यवस्था होनी चाहिए। साथ ही मंदिर के सेवायत गोस्वामियों के निश्चित संख्या में उनके यजमानों को दर्शन कराने की व्यवस्था पर विचार करना चाहिए।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें