मैनपुरी। दन्नाहार थाना क्षेत्र के गांव नगला अखई में बीमारी के चलते बड़े भाई की मौत की खबर सुन छोटे भाई को गहरा आघात लगा और उनकी भी सदमे से मृत्यु हो गई। मृतकों की पहचान उमेश सिंह चौहान (63) और गणेश सिंह चौहान (59) के रूप में हुई। एक ही रात में दो भाइयों की मौत और चिताएं साथ जलने से गांव में मातम पसर गया। उमेश सिंह चौहान दन्नाहारा स्वास्थ्य विभाग से सेवानिवृत्त थे। 13 मई को उनकी तबीयत बिगड़ने पर परिजन उन्हें आगरा ले गए। वहां से उन्हें फिरोजाबाद ले जाकर एक अस्पताल में भर्ती कराया था, जहां 15 मई की रात उन्होंने अंतिम सांस ली। तीसरे नंबर के भाई गणेश का बड़े भाई उमेश सिंह से गहरा लगाव था। परिजन ने इस खबर को उनसे छिपाने की कोशिश की। 15 मई की रात 1.30 बजे उमेश सिंह का शव घर पहुंचा तो चीत्कार और विलाप से माहौल गमगीन हो गया। रात ढाई बजे परिजन के रोने की आवाज सुनकर गणेश की नींद खुली, तब उन्हें पता चला कि बड़े भाई अब नहीं रहे। बड़े भाई की मौत का सदमा वह नहीं सह सके और उन्होंने भी मौके पर ही प्राण त्याग दिए। कुछ ही घंटों में दो भाइयों की मौत से पूरे गांव में मातम पसरा गया। शुक्रवार शाम गांव में ही दोनों भाइयों का अंतिम संस्कार हुआ। उमेश अपने पीछे तीन बेटे और दो बेटियों को छोड़ गए हैं, जबकि गणेश के बेटा-बेटी अब अकेले रह गए हैं।