एक जुलाई से देश भर में लागू होने जा रहे वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) के विरोध में आगरा के कपड़ा व्यापारी एक मत नहीं हैं। इसका अंदेशा शनिवार को व्यापारियों प्रदर्शन को देखकर लग गया। बाजार बंद और विरोध प्रदर्शन के दौरान आगरा में कहीं तो प्रतिष्ठान बंद रहे लेकिन कई व्यापारियों ने धरना स्थल के पास ही अपनी दुकानों को खोले रखा।
आगरा में शनिवार को सुबह से शुरू हुए कपड़ा व्यापारियों के बंद का मिला जुला असर देखने को मिल रहा है। आगरा के प्रमुख मार्केट सुभाष बाजार में कपड़ा व्यापारियों ने विरोध प्रदर्शन और सभा की। इस दौरान आलम ये रहा कि सभा के निकट ही थोक बाजार तो पूरी तरह बंद था लेकिन खुदरा के कई प्रतिष्ठान खुले रहे।
इसके अलावा शहर के अन्य बाजार जैसे बाईपास, कमला नगर, शाहगंज और राजा की मंडी में भी कई व्यापारियों ने अपनी दुकानें खोलीं। व्यापारी एसोसिएशन के आह्वान के बाद भी दुकानें बंद न करना ये दर्शा रहा है कि सभी व्यापारी इसके विरोध में नहीं है। ऐसे में ये विरोध कितने दिन चलता है कहा नहीं जा सकता। हालांकि एक जुलाई से देशभर में जीएसटी लागू होना तो तय है।