जिला अस्पताल में एक्सरे के लिए पहुँची युवती की जांच करते स्वास्थ्यकर्मी
मैनपुरी। जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पर एक्सरे सहित अन्य सुविधाओं का अभाव है। इससे जिला अस्पताल में मरीजों का भार बढ़ रहा है। सीएचसी और पीएचसी पर पहुंचने वाले मरीजों को एक्सरे व अन्य सुविधाओं के अभाव में जिला अस्पताल के लिए रेफर किया जा रहा है।
जिले में 10 सीएचसी और 50 पीएचसी संचालित हैं। सीएचसी और पीएचसी पर जांच आदि की बेहतर व्यवस्थाएं नहीं हैं। सबसे बड़ी परेशानी तो एक्सरे की व्यवस्था न होने के कारण हो रही है। जिला अस्पताल में दर्ज रिकॉर्ड पर यदि नजर डालें तो पता चलता है कि यहां प्रतिदिन होने वाले एक्सरे में 50 प्रतिशत मरीज और पीड़ित सीएचसी और पीएचसी से आने वाले होते हैं। यही नहीं जांच के नाम पर भी मरीजों को जिला अस्पताल का ही सहारा लेना पड़ता है।
पुलिस को भी उठानी पड़ रही परेशानी
शासनादेश के तहत कोई भी घटना या दुर्घटना जिस थाना क्षेत्र की है उस क्षेत्र में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ही संबंधित की मेडिकल जांच कराई जाएगी। पुलिस पीड़ित को जब जांच के लिए सीएचसी पर लेकर पहुंचती है तो यहां एक्सरे की व्यवस्था न होने के कारण पीड़ित को जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया जाता है। पुलिस का भी पीड़ित के साथ जिला अस्पताल के चक्कर काटने पड़ते हैं।
केंद्रों पर इनकी कमी
- रक्त जांच की व्यवस्था
- पदों के अनुरूप डॉक्टर
- एक्सरे मशीन व संचालक
- आवश्यक मात्रा में दवा
एक्सरे को लेकर व्यवस्थाएं कुछ जगह शुरू करा दी गई हैं कुछ स्थानों पर नहीं हैं वहां व्यवस्था के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
डॉ. आरसी गुप्ता, सीएमओ