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आयकर सर्वे में नौ करोड़ की आय सरेंडर

Thu, 14 Jan 2016 01:57 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, आगरा
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साइंटिफिक पैथोलॉजी और कुंदन लेदर पर मंगलवार को शुरू हुई सर्वे की कार्यवाही में नौ करोड़ रुपये की अघोषित आय सरेंडर की गई है। देर रात तक चले सर्वे में साइंटिफिक पैथोलॉजी ने छह करोड़ तो कुंदन लेदर ने 3.05 करोड़ रुपये की आय सरेंडर कर दी।
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प्रमुख आयकर आयुक्त अनुराधा मिश्रा के निर्देशन में संयुक्त आयकर आयुक्त वेलू सिन्हा के निर्देशन में रेंज 4 के अधिकारियों ने डा. अशोक शर्मा की साइंटिफिक पैथोलॉजी और यूपीएसआईडीसी सिकंदरा स्थित कुंदन लेदर पर मंगलवार शाम को सर्वे शुरू किया। बुधवार को दोनों प्रतिष्ठानों ने 9.05 करोड़ रुपये की आय घोषित कर दी। सूत्रों ने बताया कि पैथोलॉजी पर कई चिकित्सकों को दिए गए कमीशन का ब्योरा मिला है, जिससे जल्द ही उन चिकित्सकों के इनकम टैक्स रिटर्न की जांच कर सर्वे तय माने जा रहे हैं। करोड़ों रुपये के कमीशन से जुड़े कागजात भी आयकर अधिकारियों को मिले हैं, जिसमें 40 से 50 फीसदी तक का कमीशन डाक्टरों को दिया गया है।
डाक्टरों से मिल चुके 12 करोड़ रुपये
बीते साल नौ दिसंबर को शहर में पांच चिकित्सकों पर आयकर सर्वे किया गया था। इसमें विभाग को 12 करोड़ रुपये की अघोषित आय सरेंडर की गई थी। नामनेर के एसआर हास्पिटल, प्रतापपुरा के डा. एससी अग्रवाल के हार्ट सेंटर, खंदारी में डा. स्पर्श मल्होत्रा, दिल्ली गेट स्थित डा. सुबीर गुप्ता और दीवानी के लोटल हास्पिटल में सर्वे के बाद चिकित्सकों ने 12 करोड़ की आय घोषित की। चिकित्सकों की करोड़ों की आय देखते हुए आयकर विभाग ने डाक्टरों पर शिकंजा कसना शुरू किया है।
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रियल एस्टेट में बड़े निवेशक है चिकित्सक
शहर में रियल एस्टेट में चिकित्सकों का बड़ा निवेश है। आयकर विभाग ने बीते साल जब रियल एस्टेट में दनादन सर्वे किए तो सबसे बड़े निवेशक शहर के चिकित्सक ही निकले, जिन्होंने अपनी रकम बिल्डरों को दे रखी थी। हर महीने दो से तीन गुनी ब्याज उन्हें मिल रही थी। बिल्डरों पर सर्वे के बाद ही आयकर विभाग चिकित्सकों पर शिकंजा कसने में लग गया था। बिल्डरों को मोटी रकम देने वालों का पूरा आयकर ब्योरा तैयार किया गया। छापाें के दौरान दर्जन भर बिल्डरों के पास डाक्टरों के ही रिकार्ड मिले थे। ऐसे में मार्च तक चिकित्सकों पर सर्वे और बढ़ेंगे।
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