प्रसूता के बच्चे की मौत के बाद जिला अस्पताल पहुंचे एमएलसी चिकित्सकों से बात करते हुए
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फिरोजाबाद मेडिकल कॉलेज में स्टाफ की लापरवाही से एक नवजात की मौत हो गई। प्रसूता कई घंटे मेडिकल कॉलेज में इलाज के लिए तड़पती रही। लेकिन स्टाफ इलाज देने के बजाय बाहर निकाल दिया। महिला का पति किसी तरह जलेसर रोड स्थित एक निजी चिकित्सक के पास महिला को ले गया।
यहां मृत बच्चा पैदा हुआ लेकिन महिला किसी तरह बच गई। मेडिकल कॉलेज के स्टाफ पर कार्रवाई की मांग को लेकर मंगलवार को मेडिकल कॉलेज में हंगामा हुआ। एमएलसी डा. दिलीप यादव भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने सीएमएस को लापरवाही करने वाले स्टाफ पर कार्रवाई को पत्र लिखा है। सीएमएस ने मामले में जांच के आदेश दिए हैं।
सोमवार सुबह दस बजे नगला भाऊ निवासी सोनम यादव पत्नी सनी यादव को प्रसव पीड़ा के दौरान पति मेडिकल कॉलेज के महिला विभाग में लाया था। महिला को प्रसव पीड़ा हो रही थी, लेकिन किसी भी कर्मचारी ने भर्ती नहीं किया। न ही कोई इलाज मुहैया कराया। महिला के पति का कहना है कि फाइल बनाने के नाम पर प्रसव पीडा से परेशान उसकी पत्नी को बैठाए रखा जबकि उसे ब्लीडिंग शुरू हो गई थी। ढाई घंटे बाद भी स्टाफ ने फाइल नहीं बनाई और सोनम को अस्पताल से बाहर कर दिया।