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फिल्म 'दृश्यम' देखकर बुना दोस्त की हत्या का तानाबाना, ऐसे दिया वारदात को अंजाम

Mon, 17 Dec 2018 05:16 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वृंदावन (मथुरा)
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मृतक अनुज का फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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वृंदावन के अनुज हत्याकांड में एक और बात सामने आई है। आरोपी लखन और लोकेश ने फिल्म दृश्यम को देखकर अनुज की हत्या कर उसे ठिकाने लगाने का तानाबाना बुना। दोनों आरोपी अपनी बनाई योजना में सफल भी हो गए। 
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पुलिस अनुज की तलाश में इधर-उधर हाथ पैर मारती रही और दोनों आरोपी आराम से घर पर रहे। दोस्त की हत्या के बाद दोनों के माथे पर शिकन तक नहीं थी। किसी को इन दोनों की हरकतों पर शक भी नहीं हुआ। अनुज की हत्या में लोकेश मास्टरमाइंड रहा। 

घटना का मास्टरमाइंड 11 वीं पास लोकेश ने अपने दोस्त अनुज की हत्या की पटकथा लगभग डेढ़ माह पहले लिखी। उसने बताया कि जैसे फिल्म दृश्यम में देखा, वैसा ही करते गए। पुलिस ने पीटा, फिर भी हमने शव की जानकारी नहीं दी। बाद में लखन के टूटने से भेद खुल गया। पुलिस ने दोनों का चालान कर दिया है।
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पहले शराब पिलाई, फिर गोली मार दी

दोनों हत्यारोपियों को घटनास्थल पर लेकर आई पुलिस - फोटो : अमर उजाला
9वीं पास लखन पिछले कई साल से पढ़ाई छोड़कर पोशाक के काम में हाथ अजमा रहा था। उसे काम बढ़ाने के लिए रुपयों की जरूरत थी। लोकेश के अनुसार अनुज पैसे वाले घर का था और नगर निगम के चुनावों में उनकी दोस्ती हुई। इसके बाद वह अक्सर मिलते रहे। 

इन दोनों ने पांच लाख की फिरौती के लिए अनुज को अगवा करने की योजना बनाई। उसे 10 दिसंबर की शाम घर से बुलाया। लोकेश की बाइक पर तीनों पानीघाट पहुंचे और शाम सभी ने शराब पी। देर शाम लगभग 9 बजे लघुशंका करते समय लोकेश ने अनुज को दो गोलियां मार दीं। 

लोकेश ने बताया कि लखन ने शव के कपड़े उतारे और बोरे में भरकर इस लिए पानी से भरे गड्ढे में डाल दिया कि मछली खा जाएंगी। अनुज के हाथ के ब्रेसलेट को पेड़ में छिपाया और मोबाइल को बंद कर दोनों लोकेश के घर पर सो गए। 
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मोबाइल को टेंपो में डाला

दूसरे दिन व्हाट्सएप पर अनुज के लापता होने की सूचना आने पर मोबाइल को लोकेश सौ फुटा रोड पर टेंपो में डाल आया। लोकेश और लखन ने पुलिस को गुमराह करने की पूरी साजिश रच रखी थी। 

लोकेश ने बताया कि जैसे फिल्म दृश्यम में देखा हम उसी राह पर चल रहे थे। पुलिस ने पीटा, फिर भी हमने शव की जानकारी नहीं दी। बाद में लखन के टूटने से भेद खुल गया। पुलिस ने दोनों को चालान कर जेल भेज दिया है। 

अनुज की हत्या करने के लिए लोकेश ने गौरा नगर कालोनी निवासी योगेंद्र नामक एक युवक से तमंचा और चार कारतूस साढ़े चार हजार रुपए में खरीदे। इसके बाद घटना को अंजाम दिया। पुलिस अब तमंचा बेचने वाले युवक की तलाश कर रही है।
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