नदी के किनारे और संवेदनशील क्षेत्रों में बैरिकेडिंग लगाकर श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित किया गया है। घाटों पर और यमुना किनारे साफ-सफाई, कूड़ा निस्तारण तथा आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।
निर्जला एकादशी पर यमुना नदी के घाटों पर स्नान और दान-पुण्य के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचेंगे। उनकी सुरक्षा के मद्देनजर नगर निगम ने यमुना घाटों पर बैरिकेडिंग कराई है ताकि स्नान के दौरान कोई दुर्घटना न हो।
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नगर निगम के कार्यवाहक मुख्य अभियंता अरविंद श्रीवास्तव ने बताया कि यमुना नदी के कैलाश घाट, सरस्वती घाट बल्केश्वर, हाथी घाट और दशहरा घाट सहित प्रमुख स्नान स्थलों पर विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। नदी के किनारे और संवेदनशील क्षेत्रों में बैरिकेडिंग लगाकर श्रद्धालुओं की आवाजाही को व्यवस्थित किया गया है।
घाटों पर और यमुना किनारे साफ-सफाई, कूड़ा निस्तारण तथा आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। घाटों पर नगर निगम के कर्मचारी भी तैनात रहेंगे। श्रद्धालुओं से भी अपील की गई है कि वे निर्धारित सुरक्षित क्षेत्रों में ही स्नान करें तथा गहरे पानी में न जाएं। निर्जला एकादशी पर सुबह से ही यमुना नदी में स्नान के लिए लोग कई घाटों पर पहुंचना शुरू कर देंगे।