मैनपुरी। डूबे बालक को नहर से निकालने के बाद जब लोग घर पहुंचे, तो बेटे का शव देख मां मालती गश खाकर गिर पड़ी। मौके पर मौजूद महिलाओं ने पानी आदि डाल कर उसे होश में लाया। मृत आयुष दो भाइयों में बड़ा था। बेटे के शव को देख पिता के आंसू भी थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।
कुरावली थाना क्षेत्र के सुजरई मोहल्ला निवासी प्रदीप कुमार वर्मा मेहनत मजदूरी कर परिवार का भरण पोषण करते हैं। उनके दो बेटों में आयुष बड़ा था। वह नव जीवन बाल विद्यालय में कक्षा तीन का छात्र था। स्कूल की छुट्टियां चल रही हैं। इसके चलते आयुष सुबह के समय दोस्तों के साथ खेलने के लिए निकल जाता था। इसक्रम में वह रविवार की सुबह भी दोस्तों के साथ घर से निकल गया। लेकिन कुछ देर बाद परिजन को पता चला कि आयुष नहर में डूब गया है। खबर मिलते ही पिता प्रदीप व मां मालती नहर के पास पहुंच गए। करीब चार घंटे तक नहर में खोजबीन चलती रही। इस दौरान माता पिता का हाल बेहाल रहा। जब गोताखोर आयुष के शव को नदी से बाहर निकाल कर लाए तो, मां मालती बेटे की लाश देख कर बेहोश हो गई। मौके पर मौजूद अन्य महिलाओं ने उसे संभाला, साथ ही पानी डाल कर उसे होश में लाया गया। होश में आते ही वह आयुष का नाम लेकर जोर-जोर से दहाड़े मारकर रोने लगी। वहीं प्रदीप बेटे का शव गोद में लिए बैठे थे। उनके आंसू भी रुकने का नाम नहीं ले रहे थे।
देर से मिली आयुष के डूबने की सूचना
नहर में नहाने के दौरान आयुष गहराई में चला गया और डूबने लगा। लेकिन उसकी आवाज नहीं निकल सकी। उसके साथियों को इस बात की भनक भी नहीं लग सकी। कुछ देर बाद जब नहर में आयुष को नहीं देखा तो उन्हें डूबने की आशंका हुई। इसके बाद आयुष के परिजन व ग्रामीणों को जानकारी दी गई। हादसे में दोस्त को खोने के बाद साथियों के चेहरे मुरझाए नजर आए।