दयालबाग में दो बदमाशों ने वृद्ध कल्यानदास गुप्ता को रोक लिया। उनसे गहने पहनकर घूमने पर लूट का भय दिखाया। इस दौरान बदमाशों ने उनकी चेन और अंगूठी उतरवा ली। एक पुड़िया में बांधकर दूसरी पुड़िया थमाकर बदमाश भाग गए। पीड़ित ने पुड़िया खोली, तब ठगी का पता चला। उन्होंने मुकदमा दर्ज कराया है।
सुदामापुरी, दयालबाग के कल्यानदास ने पुलिस को बताया कि वह 17 मार्च को स्वामीबाग से अपने घर जा रहे थे। स्वामीबाग स्कूल के मोड़ पर दो युवकों ने इशारा करके रोक लिया। कहा कि आए दिन लूट की घटनाएं हो रही हैं। इसके बावजूद सोने की चेन और अंगूठी पहनकर क्यों घूम रहे हो। तभी एक और युवक बाइक से निकल रहा था। उसे भी रोक लिया। उससे भी यही बात कही। दोनों के कहने पर युवक ने अपनी चेन उतारकर दे दी। इस पर उन्होंने उसे एक पुड़िया में चेन रखकर दे दी। युवक बाइक लेकर चला गया। उसकी बाइक पर नंबर भी नहीं था।
कल्यानदास को लगा कि दोनों पुलिसकर्मी हैं। उनके कहने पर उन्होंने अपनी अंगूठी और चेन दे दी। एक युवक ने पुड़िया बनाकर उनकी जेब में रख दी। इसके बाद दोनों चले गए। उन्होंने कुछ दूरी पर पुड़िया खोली तो उसमें पत्थर रखे हुए थे। कल्यानदास ने पुलिस को सूचना दी। थानाध्यक्ष न्यू आगरा अरविंद कुमार निर्वाल का कहना है कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे जा रहे हैं, जिससे आरोपियों की पहचान की जा सके। वृद्ध को शक है कि पहले अपनी चेन देने वाला बाइक सवार भी बदमाशों का साथी था। उन्होंने गहने लेने के बाद पुड़िया बदल दी।