आवास विकास कालोनी के सेक्टर सात में मकान की रैंप तोड़ने के विवाद में भाजपा कार्यकर्ता और सपा नेता के बीच कहासुनी हो गई। भाजपा कार्यकर्ता ने मारपीट का आरोप लगाया। पुलिस ने कार्यकर्ता और उनके भाई के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई की। बाद में विधायक योगेंद्र उपाध्याय, जगन प्रसाद गर्ग, महानगर अध्यक्ष विजय शिवहरे ने थाने में धरना दिया। इस पर पुलिस कार्यकर्ता और उसके भाई को कलक्ट्रेट ले गई। जहां से जमानत मिलने के बाद ही दोनों को छोड़ा गया।
शिवाजी नगर निवासी कार्यकर्ता सुनील उपाध्याय का सेक्टर सात में मकान है। कालोनी में अवैध निर्माण तोड़ा जा रहा है। सुनील ने बताया कि मकान की रैंप तोड़ने के लिए उन्होंने ठेकेदार से एक दिन का समय मांगा था। मगर, रविवार को जबरन रैंप तोड़ी जाने लगी। उन्होंने विरोध किया तो सपा नेता मदन मोहन शर्मा आ गए। आरोप है कि सपा नेता ने सुनील और उनके भाई अनिल के साथ मारपीट की। पुलिस दोनों पक्षों को चौकी पर ले आई। सपा नेता ने यहां भी मारपीट की। इसके बाद उनके खिलाफ ही पुलिस ने शांति भंग मेें चालान कर दिया। उधर, मदन मोहन का कहना है कि सुनील ने ठेकेदार और जेसीबी कर्मी के साथ अभद्रता की थी। उन्होंने किसी से मारपीट नहीं की है। वह काम से चले गए थे। लौटकर आए तो सुनील कालोनी के लोगों से झगड़ रहे थे। उल्टा उनके साथ ही अभद्रता कर दी। इंस्पेक्टर जगदीशपुरा का कहना है कि विवाद खड़ा करने पर दोनों भाइयों के खिलाफ कार्रवाई की गई है।