वृंदावन नगर एवं कुंभ मेला क्षेत्र का हेलीकॉप्टर से लिया गया विहंगम दृश्य
- फोटो : VRINDAVAN
मथुरा (वृंदावन)। यमुना के पवित्र घाट पर लगे वृंदावन कुंभ में अध्यात्म के मोती बरस रहे हैं। रासलीला, श्रीमद्भागवत कथा, संतों के प्रवचन और भजन संध्याओं ने वातावरण में भक्ति को घोल दिया है। जगह-जगह पंडालों और अखाड़ों में हो रहे धार्मिक आयोजनों का दूर-दूर से आए श्रद्धालु आनंद उठा रहे हैं। कुंभ मेला स्थल में प्रवेश करते ही श्रद्धालुओं के पग स्वयं ही इन आयोजनों की ओर खिंचे चले आ रहे हैं।
कुंभ मेला में प्रवेश करने के साथ ही ब्राह्मण सेवा संघ के खालसे में सुबह से लेकर शाम तक संतों के प्रवचनों के साथ भागवत कथाएं हो रहीं हैं। यहां बनाईं गईं देवी देवताओं की मूर्तियां लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बनी हैं। इसके कुछ दूरी पर संत रसिया बाबा के खालसे में संतों के प्रवचनों का श्रवण कर भक्त आनंदित हो रहे हैं। पिछले दो दिन में मलूक पीठाधीश्वर महंत राजेंद्रदास महाराज, रसिया बाबा, संजीव कृष्ण ठाकुरजी की कथाओं का श्रवण करने का भक्तों को मौका मिला। बांकेबिहारी मंदिर के सेवायत विक्की गोस्वामी, मथुरा के गोपाल पीठाधीश्वर, दीदी मां साध्वी ऋतंभरा, ब्राह्मण महासभा, श्रीजी बाबा आश्रम के खालसे में भी सुबह से लेकर शाम तक भक्ति की बयार बह रही है। इसके साथ देवालयों के खालसे और अखाड़े भी भक्तों के लिए श्रद्घा के केंद्र बने हुए हैं।