मथुरा। वृंदावन कुंभ मेला में निकाली गई शोभायात्रा में साथ चलते जगद्गुरु वल्लभाचार्य षष्ठपीठाध?
- फोटो : VRINDAVAN
वृंदावन (मथुरा)। कुंभ पूर्व वैष्णव बैठक में शामिल होने के लिए शुक्रवार को सूरत से जगद्गुरु वल्लभाचार्य षष्ठपीठाधीश्वर गोस्वामी वल्लभराय महाराज श्रीधाम वृंदावन पहुंचे। यहां महाप्रभु वल्लभाचार्य के निधि ठाकुरजी श्यामलाल प्रभु को यमुना के तट पर विराजमान किया गया। भक्तों ने ठाकुरजी के दर्शन किए। ठाकुरजी के वृंदावन आगमन के दौरान नगर भ्रमण शोभायात्रा निकाली गई। सोमयाजी वल्लभराय महाराज लंबे समय से सभी कुंभ मेला में तीनों अनी अखाड़ों द्वारा अधिकृत मान्यतापूर्वक जगद्गुरु श्रीमद्विष्णुस्वामि वल्लभाचार्य नगर की स्थापना कराते हैं।
वृंदावन में बनाए गए जगद्गुरु श्रीमद्विष्णुस्वामि वल्लभाचार्य नगर में शुक्रवार को गोस्वामी वल्लभराय महाराज महाप्रभु वल्लभाचार्य के निधि ठाकुरजी श्रीश्यामलाल प्रभु के साथ पहुंचे। इस मौके पर महाराज ने बताया कि इस कुंभ के अवसर पर विशेष रूप से श्रीश्यामलाल प्रभु ब्रज महामहोत्सव का दिव्य अलौकिक आयोजन किया जाएगा। इसके अंतर्गत ठाकुरजी श्रीश्यामलाल प्रभु के वृंदावन के साथ जतीपुरा, कामां, गोकुल आदि में भी भव्य मनोरथ होंगे। इसमें 2 मार्च को श्रीगिरिराजजी मुखारविंद पर श्रीगोवर्धन पूजा व कुनवारा महोत्सव, 3 मार्च को गुलाल कुंड पर भव्य होरी खेल का मनोरथ, 7 मार्च को सप्तमपीठाधीश्वर व्रजेशकुमार महाराज एवं षष्ठपीठाधीश्वर वल्लभराय के विशेष मनोरथानुसार छप्पन भोग महा महोत्सव होगा।
इसमें सप्तम निधि मदनमोहन प्रभु व श्रीमहाप्रभु निधि श्यामलाल प्रभु एक साथ विराज कर छप्पन भोग पाएंगे। 8 मार्च को सुरभि कुंड जतीपुरा में छप्पनभोग होगा। 10 मार्च को गोकुल में विशेष होरी खेल का मनोरथ तथा नित्य भी विविध मनोरथ वल्लभाचार्य नगर वृंदावन में होंगे।