कोचिंग में तेज दुर्गंध आ रही थी और फैला खून सूख चुका था। छात्रों से पूछताछ में पता चला कि ओम प्रकाश यादव सात बजे आखिरी क्लास खत्म कर कोचिंग बंद कर कमरे पर गए थे। सीसीटीवी में नौ बजे के करीब दोबारा कमरे से निकलने की जानकारी हुई।
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आगरा के आवास विकास कॉलोनी के सेक्टर-3 में स्थित कोचिंग में गणित शिक्षक को बुलाने के बाद उनकी गला रेतकर हत्या की गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि हुई। साथ ही सोमवार रात ही हत्या का अंदेशा जताया गया है।
वहीं जगदीशपुरा पुलिस को प्रारंभिक जांच में यह पता चला है कि शिक्षक ने अपनी जमापूंजी और परिवार से कर्ज लेकर किसी प्रापर्टी में निवेश किया था। मृतक की कॉल डिटेल और अन्य साक्ष्यों को जुटाया जा रहा है। सेक्टर तीन में वीएस प्लाजा के बेसमेंट में शाहगंज निवासी कमल जैन की कोचिंग को डेढ़ साल से कानपुर के रसूलाबाद थाना क्षेत्र के मूल निवासी ओम प्रकाश यादव संचालित कर रहे थे। वह पास ही एक निजी स्कूल में गणित के शिक्षक थे।
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शव को ले जाती पुलिस।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शुक्रवार को उनका शव कोचिंग के अंदर जमीन पर पड़ा मिला। तेज दुर्गंध आ रही थी और फैला खून सूख चुका था। छात्रों से पूछताछ में पता चला कि ओम प्रकाश यादव सात बजे आखिरी क्लास खत्म कर कोचिंग बंद कर कमरे पर गए थे। सीसीटीवी में नौ बजे के करीब दोबारा कमरे से निकलने की जानकारी हुई। उनका व्हाट्सएप आठ बजे के बाद से बंद था। भाई की मौत की सूचना पर कानपुर से शिक्षक के छोटे भाई शिव प्रकाश और राम प्रकाश शुक्रवार रात आगरा आए।
पूछताछ में पता चला कि ओमप्रकाश ने छोटे भाइयों और अवधपुरी निवासी फुफेरे भाई सेवानिवृत्त दरोगा कोमल सिंह से भी रुपये उधार लिए थे। उन्होंने दो लोगों के साथ मिलकर किसी प्रापर्टी में निवेश किया था। अपने साथ काम करने वाले शिक्षकों को निवेश से जल्द अच्छा मुनाफा होने की बात कही थी। ओम प्रकाश की किसी से दुश्मनी नहीं थी। बच्चों से भी वह पढ़ाई संबंधित बातें ही करते थे। पुलिस को आशंका है कि उसी प्रापर्टी निवेश की वजह से उनकी बेरहमी से हत्या की गई है।
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माैके पर जांच करती पुलिस।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
स्कूटी के नंबर की सीसीटीवी से जांच
पुलिस की जांच में सामने आया कि ओमप्रकाश अपनी स्कूटी से रात में कोचिंग पहुंचे थे लेकिन पुलिस को मौके पर स्कूटी नहीं मिली। पुलिस को शक है कि कोचिंग के बाहर से हत्यारोपी ही स्कूटी लेकर गया। पुलिस ने नंबर को अपने सीसीटीवी कमांड सेंटर भेजा है। जानकारी जुटाई जा रही है कि सोमवार रात के बाद स्कूटी को कौन लेकर गया।
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शिक्षक की माैत की खबर मिलते ही छात्र माैके पर पहुंच गए।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
स्कूल के स्टाफ से भी पूछताछ
पुलिस ने आखिरी बैच के छात्रों से भी पूछताछ की। इसके बाद स्कूल में सहकर्मियों से भी बात की गई। उनकी किसी से विवाद होने की बात सामने नहीं आई। सभी के बीच सीधे-साधे शिक्षक की हत्या चर्चा का विषय बनी रही। ओम प्रकाश का शव काफी सड़ चुका था। चिकित्सकों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया और वीडियोग्राफी भी कराई गई। शव की फॉरेंसिक जांच में हत्या से पहले संघर्ष की बात सामने आई है।
आगरा शिक्षक हत्याकांड।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
ब्लैक बोर्ड पर लिखा रेपिस्ट
पुलिस को कोचिंग के ब्लैकबोर्ड पर रेपिस्ट लिखा हुआ मिला है। पुलिस इस बिंदु पर भी जांच कर रही है। मगर उसे यह भी शक है कि हत्यारोपी पुलिस का ध्यान भटकाने के लिए भी ऐसा कर सकता है। पुलिस लेनदेन के विवाद समेत हर एंगल से जांच कर रही है।
पुलिस को हत्या के प्रकरण में कुछ महत्वपूर्ण जानकारी मिली हैं। साक्ष्य संकलित किए जा रहे हैं। जल्द हत्यारोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। -मनोज कुमार, एडीसीपी