मैनपुरी। वर्ष 2015 में घिरोर क्षेत्र में हुए दुष्कर्म की कोशिश के एक मामले में 10 साल बाद न्यायालय ने आरोपी का दोष सिद्ध होने पर 7 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दोषी पर 10 हजार का जुर्माना भी लगाया गया है। थाना घिरोर क्षेत्र की रहने वाले एक व्यक्ति ने वर्ष 2015 में थाना घिरोर क्षेत्र के नगला किसी रोड निवासी कलाम हुसैन के खिलाफ पुत्री के साथ दुष्कर्म की कोशिश का केस दर्ज कराया था। केस दर्ज करने के बाद विवेचक की ओर से जांच की और न्यायालय में साक्ष्य आदि प्रस्तुत किए। पीड़िता की न्यायालय में गवाही भी कराई गई। साक्ष्यों के साथ आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई थी। शुक्रवार को मामले में आरोपी कलाम हुसैन ने जुर्म स्वीकार कर लिया। दुष्कर्म की कोशिश के मामले में दोष सिद्ध होने पर न्यायालय स्पेशल जज पॉक्सो ने दोषी को 7 साल सश्रम कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।