संवाद न्यूज एजेंसी
मैनपुरी। औंछा में च्यवन त्रऋषि मंदिर के पास मंडी समिति द्वारा बनाई गई सब्जी मंडी 15 साल बाद भी चालू नहीं हो सकी है। मंडी समिति ने 20 लाख की लागत से सब्जी मंडी के लिए 10 दुकानें बनवाई थीं। सब्जी मंडी चालू नहीं होने से दुकानें पूरी तरह बदहाल हो चुकी हैं। शाम होते ही अराजक तत्व वहां जमा हो जाते हैं।
विकासखंड घिरोर के औंछा में वर्ष 2009 में मंडी समिति ने विकास को गति देने तथा लोगों को गंदगी से निजात दिलाने के लिए सब्जी मंडी का निर्माण कराया था। 20 लाख की लागत से 10 दुकानें बनाकर सब्जी मंडी के लिए चबूतरे बनाकर टिनशैड और दुकानों में गेट लगवाए गए थे। मंडी समिति द्वारा बनाई गई दुकाने रखरखाव के अभाव में बदहाल होती जा रही हैं।
औंछा के लोगों को सब्जी मंडी की बनाई गई दुकानों का लाभ नहीं मिल पा रहा है। सब्जी मंडी 15 साल बीतने के बाद भी चालू नहीं हो सकी है। हालत यह हो गई है कि अराजक तत्व चबूतरे पर बनाए गए टिनशेड तथा दुकानों के गेट तक उखाड़ ले गए हैं। परिसर में घनी घास उगी हुई है। शाम होते ही अराजक तत्व सब्जी मंडी की दुकानों में जमा हो जाते हैं। शराब पीने के साथ ही जुआ खेलते हैं। लोगों के विरोध करने पर झगड़ा करते हैं।
औंछा के प्रदेश यादव, बंटी यादव, सुनील यादव, राकेश यादव, प्रदीप गुप्ता, संतोष गुप्ता ने सब्जी मंडी चालू कराने की मांग की है।