समाजवादी पार्टी के पूर्व सदर विधायक राजकुमार यादव उर्फ राजू की अग्रिम जमानत जिला जज अनिल कुमार ने खारिज कर दी है। उनके खिलाफ मतदान के दिन सदर विधानसभा क्षेत्र के ताल दरवाजा मतदान केंद्र पर प्रदेश के पर्यटन मंत्री के पुत्र पर जानलेवा हमला करने की रिपोर्ट थाना कोतवाली में दर्ज है।
विधानसभा चुनाव में मतदान के दिन 20 फरवरी 2022 को ताल दरवाजा मतदान केंद्र पर प्रदेश के पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह के निर्वाचन अभिकर्ता शिवप्रताप सिंह चौहान और पुत्र सुमित प्रताप सिंह पर जानलेवा हमला हुआ था। रिपोर्ट सुमित प्रताप ने थाना कोतवाली में दर्ज कराई थी। इसमें पूर्व विधायक सपा प्रत्याशी राजकुमार उर्फ राजू यादव सहित दस लोगों पर आरोप लगाया गया था।
अग्रिम जमानत के लिए किया था आवेदन
पूर्व विधायक राजू यादव ने अग्रिम जमानत पाने के लिए जिला जज अनिल कुमार की कोर्ट में अपने अधिवक्ता सतेंद्र यादव के माध्यम से आवेदन किया। इसमें कहा कि रिपोर्ट में उनको रंजिश के तहत फंसाया गया है। वह जांच में पूरा सहयेाग करेंगे। डीजीसी फौजदारी वीरेंद्र कुमार मिश्रा ने जमानत के आवेदन का विरोध करके अपराध की गंभीरता को देखते हुए जमानत आवेदन खारिज करने की दलील दी। जिला जज अनिल कुमार ने अग्रिम जमानत खारिज कर दी है।
यह था मामला
विधानसभा चुनाव में सदर सीट पर भाजपा से जयवीर सिंह और सपा से राजकुमार यादव उर्फ राजू चुनाव लड़े थे। चुनाव में जयवीर सिंह ने जीत हासिल की थी।
जयवीर सिंह के पुत्र सुमित प्रताप द्वारा कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि 20 फरवरी 2022 की शाम पांच बजे वह पिता के चुनाव अभिकर्ता शिवप्रताप चौहान के साथ मतदान केंद्र पर फर्जी मतदान होने की शिकायत पर पहुंचे। यहां मौजूद राजकुमार उर्फ राजू यादव, किशन दुबे, बंटी यादव, दीपू गोस्वामी, राहुल, अभिमन्यु, दिल्लू कश्यप, अंशुल, दुष्यंत, चंदन गोस्वामी, सूबेदार यादव ने एक राय होकर ईंट, पत्थर, डंडे से जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। जिससे मतदान स्थल पर भय का वातावरण व्याप्त हो गया तथा भगदड़ मच गई।