लोकसभा चुनाव 2024 में पहली बार अखिलेश और डिंपल यादव की बेटी अदिति यादव नजर आईं तो वहीं अब एक नए चेहरे की एंट्री हुई है। डिंपल यादव की छोटी बहन यानि अखिलेश यादव की साली पूनम मैनपुरी पहुंच गई हैं। वे बहन डिंपल के चुनाव प्रचार में उनका साथ देंगी।
राजनीति के दांव पेंच से अब सपा की प्रत्याशी और पूर्व मुख्यमंत्री की पत्नी डिंपल यादव इस बार के लोकसभा चुनाव में एक परिपक्व नेता के रूप में सामने आईं हैं। भाजपा जहां जातिगत राजनीति के दांव चल रही है, वहीं शुक्रवार को सपा की प्रत्याशी ने भी जातिगत राजनीति का सुपर दांव खेला है। ठाकुर वोट बैंक में सेंध लगाने के लिए सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट बहन को प्रचार के लिए मैदान में उतार दिया है।
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डिंपल यादव मूलरूप से उत्तराखंड की रहने वाली हैं। वह सेवानिवृत्त भारतीय सेना के कर्नल राम चंद्र सिंह रावत और चंपा रावत की तीन बेटियों में मझली हैं। डिंपल यादव वर्तमान में मैनपुरी सीट से सपा प्रत्याशी के तौर पर चुनाव मैदान में हैं और उनके सामने इस बार भाजपा से उत्तर प्रदेश के पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह प्रतिद्वंदी के रूप में हैं।
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शुक्रवार को मैनपुरी में उनकी बहन पूनम रावत शुक्रवार को अपनी बहन डिंपल यादव के लिए वोट मांगने मैनपुरी पहुंचीं। पूनम रावत सेना से सेवानिवृत्त लेफ्टिनेंट कर्नल हैं और वर्तमान में उत्तराखंड की एक बड़ी कंपनी में कार्यरत हैं। यादव वोट बैंक के साथ ही डिंपल यादव का अपनी बहन को प्रचार के मैदान में उतारना ठाकुर वोट बैंक में सेंध के तौर पर देखा जा रहा है। राजनीति के जानकार डिंपल यादव के इस दांव को सुपर दांव बताते हुए मतदान और परिणाम में असर दिखाई देने की बात भी कह रहे हैं।
बेटी अदिति कर रहीं डोर टू डोर प्रचार
बहन को चुनाव मैदान में प्रचार के लिए उतारने के साथ ही डिंपल यादव जीत को लेकर कोई कोर कसर नहीं छोड़ रहीं हैं। जनाधार बढ़ाने के लिए वह रोजाना कई सभाएं कर रहीं हैं। लोगों के बीच जाकर वोट की अपील कर रहीं हैं। बहन के चुनाव मैदान में आने से पहले ही बेटी अदिति मां के साथ चुनाव प्रचार में पहले से साथ हैं।