एक विधवा महिला के सामने अजीब संकट उस समय उत्पन्न हो गया, जब उसे मालूम पड़ा कि वो कागजों में मृत है। यही वजह है कि उसकी विधवा पेंशन बंद कर दी गई। जिला प्रोबेशन कार्यालय में सुनवाई नहीं हुई तो पीड़िता ब्लॉक प्रमुख से मिली।
सरकारी सिस्टम की कारगुजारी का इससे अच्छा उदाहरण नहीं हो सकता है। विधवा महिला को फाइल में मृत कर उसकी पेंशन बंद कर दी। 10 माह तक पेंशन खाते में नहीं आने पर महिला ने ब्लॉक प्रमुख से शिकायत की, तो इस बारे में खुलासा हुआ। ब्लॉक प्रमुख ने मुख्य विकास अधिकारी को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की है।
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सैमरा निवासी पीड़ित महिला गंगा देवी ने बताया कि पति की मौत करीब 20 साल पहले हो गई थी। 15 वर्षों से विधवा पेंशन मिल रही थी। पिछले 10 माह से पेंशन खाते में नहीं आई। पेंशन के लिए इधर से उधर दफ्तरों में चक्कर लगाती रही। प्रोबेशन विभाग में शिकायत की लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ।
इसके बाद उन्होंने ब्लॉक प्रमुख खंदौली आशीष शर्मा से शिकायत की। उन्होंने सहायक विकास अधिकारी ललित कुमार पचौरी से जांच कराई। जांच में सामने आया कि प्रोबेशन विभाग ने लापरवाही से गंगा देवी को 28 जून, 2024 को फाइल में मृत घोषित कर दिया था, इस वजह से पेंशन बंद हो गई। ब्लॉक प्रमुख ने बताया की मुख्य विकास अधिकारी को मामले से अवगत करा कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। मामले की मुख्यमंत्री से भी शिकायत करेंगे।