फतेहपुर सीकरी के एक गांव में नाराज होकर मायके जा बैठी युवती के ससुराल न लौटने की सजा उसकी बहन के पति समेत पूरे परिवार को दी जा रही है। पंचायत ने इन पर पांच लाख रुपये जुर्माना और हुक्का-पानी बंद करने का फरमान सुनाया है। दूसरी युवती के परिवार पर पहली की विदाई में बाधक होने का आरोप है।
गोवर्धन (मथुरा) की रहने वाली दो बहनों सीमा और रेखा की शादी वर्ष 2006 में फतेहपुर सीकरी के गांव चैकोरा में चचेरे भाइयों के साथ हुई थी। सूत्रों ने बताया कि छोटी बहन रेखा का पति उसके साथ मारपीट करता था। उत्पीड़न से तंग आकर पिछले छह माह से रेखा मायके में रह रही है। मायके वाले रेखा के ससुराल से आए विदा के हर प्रस्ताव को ठुकराते रहे हैं। सीमा अपने ससुराल में ही है। पिछले दिनों रेखा ने महिला थाने में ससुरालीजनों के खिलाफ उत्पीड़न की तहरीर दे दी।
10 फरवरी को सीमा अपने चचिया ससुर के घर में पानी भरने गई थी। आरोप है कि वहां चचिया ससुर (रेखा के पति का पिता) आदि ने उसके साथ मारपीट की। सीमा ने मायके वालों और पुलिस को बुला लिया। मायके वालों ने रेखा के ससुरालीजनों को पीट डाला। सीमा के पति आदि ने भी उनका ही साथ दिया। मंगलवार को रेखा के ससुरालीजनों ने गांव में पंचायत बुलाई। उनका कहना था कि सीमा के कारण ही उनकी बहू ससुराल नहीं लौट रही है। इसके लिए सीमा के पति और ससुर भी जिम्मेदार हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सीमा के कारण पुलिस आई और गांव की बदनामी हुई। पंचायत ने सीमा के परिवार पर पांच लाख रुपये जुर्माने का फैसला सुनाया। यह छूट भी दी कि रेखा की विदा होकर ससुराल आ जाए तो जुर्माना माफ कर दिया जाएगा। विदाई न होने पर सीमा के परिवार का सामाजिक रूप से बहिष्कार करने की धमकी भी दी गई है।