आगरा के अर्जुन नगर निवासी पूर्व सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता से 15 लाख रुपये में बिना तोड़फोड़ लिफ्ट लगाने का झांसा देकर 4.50 लाख रुपये के चेक ले लिए गए। बाद में कंपनी ने 17.61 लाख रुपये का बढ़ा हुआ कोटेशन भेज दिया और एडवांस रकम वापस नहीं की, जिसके बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की।
अर्जुन नगर में रहने वाली पूर्व सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता मधु शर्मा के साथ घर में लिफ्ट लगवाने के नाम पर 4.50 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली गई। नोएडा की एक कंपनी के कर्मचारियों ने बिना तोड़फोड़ 15 लाख रुपये में काम पूरा करने का झांसा दिया। बाद में अधिक कीमत का कोटेशन थमाकर एडवांस में लिए 4.5 के चेक हड़प लिए। डीसीपी सिटी के निर्देश पर प्राथमिकी दर्ज की गई है।
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मधु शर्मा ने पुलिस को बताया कि इंटरनेट के माध्यम से नोएडा स्थित निबव लिफ्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से संपर्क किया था। कंपनी के खुद को बिजनेस डेवलपमेंट मैनेजर बताने वाले गौरव कुमार ने अपने साथी अब्बुल कासिम सिद्दीकी के साथ उनके घर आकर बिना किसी तोड़फोड़ के 15 लाख रुपये में लिफ्ट लगाने का वादा किया। आरोपियों ने विश्वास में लेकर 4.50 लाख रुपये के दो हस्ताक्षरित चेक यह कहकर ले लिए कि अगले दिन इंजीनियर निरीक्षण के बाद काम शुरू कर देगा।
निरीक्षण के बाद इंजीनियर ने बिना तोड़फोड़ के काम करने से इन्कार कर दिया और अधिक खर्च बताया। जब पीड़िता ने ऑर्डर निरस्त कर पैसे वापस मांगे तो आरोपियों ने भरोसा दिया कि वे दूसरा इंजीनियर भेज देंगे। हालांकि, अगले ही दिन कंपनी ने 17,61,268 रुपये का बढ़ा हुआ कोटेशन भेज दिया और एडवांस में लिए गए 4.50 लाख रुपये का भुगतान भी अपने खाते में प्राप्त कर लिया।
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पीड़िता ने बताया कि थाना शाहगंज में शिकायत के बावजूद जब कोई सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास से न्याय की गुहार लगाई। डीसीपी सिटी ने बताया कि मामले को गंभीरता से लेते हुए तुरंत प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश दिए हैं, जिसके आधार पर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई और जांच में जुट गई है।