उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में तीन साल पहले मासूम बेटी से दुष्कर्म करने वाले सौतेले पिता को स्पेशल जज रेप एंड पॉक्सो एक्ट द्वितीय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। सजा सुनाए जाने के बाद शुक्रवार को दोषी को जेल भेज दिया गया।
थाना एलाऊ क्षेत्र के एक गांव के रहने वाले व्यक्ति ने पत्नी की मौत के बाद विधवा महिला से दूसरी शादी की थी। कुछ दिन बाद विधवा महिला की भी मौत हो गई। इसके बाद उक्त महिला की दो बेटियां अपने सौतेले पिता के पास ही रहने लगीं। उस वक्त बड़ी बेटी की उम्र सात और छोटी पांच साल की थी।
नौ नवंबर 2017 की रात सौतेले पिता ने पांच वर्षीय बेटी के साथ दुष्कर्म किया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। व्यक्ति की शादी कराने वाले ने उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल कराने के बाद आरोपी सौतेले पिता के खिलाफ चार्जशीट अदालत में दाखिल कर दी।
साढ़े तीन साल तक चली सुनवाई
मुकदमे की सुनवाई स्पेशल जज रेप एंड पॉक्सो एक्ट द्वितीय निधि की अदालत में हुई। साढ़े तीन साल तक इस मुकदमे की सुनवाई चली। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक, पीड़िता सहित गवाहों ने आरोपी के खिलाफ गवाही दी। सौतेले पिता को बेटी से दुष्कर्म का दोषी पाया गया।
एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान ने अदालत में दुष्कर्म के दोषी को कड़ी सजा देने की दलील दी। स्पेशल जज रेप एंड पॉक्सो एक्ट द्वितीय ने उसको आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
बेटियों की गवाही पर हुई सजा
पीड़िता ने अदालत में अपने सौतेले पिता के खिलाफ गवाही दी। उसने अदालत में बताया कि सौतेले पिता ने उसके साथ गलत काम किया। मां की मौत के बाद वह पिता के साथ ही रहती थी। पीड़िता की बड़ी बहन ने भी सौतेले पिता के खिलाफ गवाही दी। बेटियों की गवाही पर दोषी को सजा सुनाई गई है।
पीड़िता को दिए जाएंगे 45 हजार रुपये
दुष्कर्म के दोषी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। स्पेशल जज रेप एंड पॉक्सो एक्ट द्वितीय निधि ने आदेश में लिखा है कि जुर्माने की धनराशि में से 90 प्रतिशत धनराशि पीड़िता को दी जाएगी। एडीजीसी पुष्पेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि जुर्माने की धनराशि में से 45 हजार रुपये पीड़िता को दिए जाएंगे।