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12 घंटे तक धधकती रही एलआईसी बिल्डिंग

Fri, 16 Dec 2016 01:13 AM IST
12 घंटे तक धधकती रही एलआईसी बिल्डिंग
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12 घंटे तक धधकती रही एलआईसी बिल्डिंग - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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संजय प्लेस स्थित एलआईसी के डिवीजन ऑफिस में बुधवार रात को सातवीं मंजिल पर लगी आग पर 12 घंटे बाद गुरुवार सुबह काबू पाया जा सका। अग्निकांड में एक करोड़ से ज्यादा के नुकसान का अनुमान है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी का कहना है कि आग शार्ट सर्किट से लगने की संभावना है। जांच की जा रही है। 
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बता दें, भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) के सात मंजिला डिवीजन ऑफिस की इस मंजिल पर चार विभागों का काम होता है। इनमें पेंशन और समूह बीमा, कार्यालय सेवा विभाग, इंजीनियरिंग विभाग और संपदा विभाग शामिल हैं। बुधवार रात करीब आठ बजे इसी मंजिल पर भीषण आग लग गई थी। धमाकों के साथ 15 से ज्यादा एसी फटे थे। रात तकरीबन 11 बजे तक आग पर काफी हद तक काबू पा लिया गया। रात तकरीबन ढाई बजे आग पूरी तरह से बुझा ली गई। 
गुरुवार सुबह तकरीबन साढ़े सात बजे फिर से धुआं निकलने लगा। फाल सीलिंग गिरने से उसमें से आग की लपटें निकलने लगीं। इससे अफरातफरी मच गई। सूचना पर आई दमकल ने तकरीबन आधा घंटे में आग बुझा ली। वरिष्ठ मंडल प्रबंधक एसके पांडेय ने बताया कि सातवीं मंजिल पर रखे तकरीबन 50 कंप्यूटर, 50 एसी, 50 कुर्सी-मेज के अलावा रिकॉर्ड भी जल गया। पांचवीं और दूसरी मंजिल पर भी फाल सीलिंग गिर गई है। मलबे में से धुआं निकलने पर दमकल कर्मियों को बुलाया गया था। अग्निकांड में तकरीबन एक करोड़ का नुकसान होने का अनुमान है। 
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आग बुझाने में लगा ढाई लाख लीटर पानी
आगरा। एलआईसी के सात मंजिला डिवीजन आफिस की सातवीं मंजिल पर लगी आग नीचे की मंजिलों तक फैल सकती थी अगर दमकल कर्मी तत्परता नहीं दिखाते। फायरब्रिगेड की 14 और सेना की तीन दमकलों को मिलाकर 17 दमकलों को आग बुझाने में लगाया गया। इसके अलावा हाईड्रोलिक प्लेटफार्म का भी उपयोग किया गया। तब जाकर आग पूरी तरह से काबू में की जा सकी। 
बता दें, एलआईसी आफिस की सातवीं मंजिल पर लगी आग पहली मंजिल में भी फैल गई थी। मगर, इसे दमकल कर्मियों ने कुछ ही देर में बुझा लिया था। आग बुझाने में सीएफओ सुनील कुमार सिंह के साथ तकरीबन 75 कर्मियों को लगाया गया था। 17 दमकलों और हाइड्रोलिक प्लेटफार्म की मदद से 12 घंटे में आग बुझ सकी। अगर, कर्मचारी तत्परता नहीं दिखाते तो आग अन्य मंजिलों में भी फैल जाती। सीएफओ ने बताया कि आग बुझाने के लिए हाईड्रोलिक प्लेटफार्म से पानी की बौछार डाली गई। इसके अलावा बिल्डिंग के चारों तरफ से पानी डाला गया। तब आग बुझ सकी। इसमें तकरीबन ढाई लाख लीटर पानी खर्च हुआ।
आज खुलेगा एलआईसी दफ्तर, रिकार्ड सुरक्षित 
एलआईसी के डिवीजन ऑफिस के वरिष्ठ मंडल प्रबंधक एसके पांडेय ने बताया अग्निकांड में कंप्यूटर जल गए हैं। हालांकि निगम का रिकार्ड ई डेटा में रहता है। मुंबई स्थित हेड आफिस के सर्वर से इसे रिकवर कर लिया जाएगा। इससे ग्राहकों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। शुक्रवार को दफ्तर भी खोल लिया जाएगा। सातवीं मंजिल के कर्मचारियों को दूसरी मंजिल पर शिफ्ट करके काम कराया जाएगा। 
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