आगरा कॉलेज विधि संकाय से पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों को इस बार कक्षाओं के लिए दिवाली तक इंतजार करना पड़ा है। शैक्षिक सत्र 2026-27 में एलएलबी और बीए एलएलबी का सत्र बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) से अनुमोदन मिलने में देरी के कारण पिछड़ गई। कॉलेज को दोनों पाठ्यक्रमों के संचालन के लिए बीसीआई की मंजूरी 17 सितंबर को मिली। इसके बाद प्रवेश प्रक्रिया शुरू हुई। प्राचार्य प्रो. सीके गौतम ने बताया कि अब दोनों पाठ्यक्रमों में दिवाली के बाद नियमित कक्षाएं शुरू कराने की तैयारी है।
आगरा कॉलेज के विधि संकाय में एलएलबी की 300 और बीए एलएलबी की 300 सीटें हैं। इस तरह कुल 600 सीटों पर प्रवेश दिए गए हैं। एलएलबी में प्रवेश के लिए 2300 आवेदन आए थे। यानी एक सीट पर करीब आठ अभ्यर्थियों के बीच मुकाबला रहा। वहीं बीए एलएलबी की 300 सीटों के लिए 1200 आवेदन मिले।
यहां एक सीट पर चार अभ्यर्थियों ने दावेदारी की। बीसीआई की मंजूरी नहीं मिलने के कारण अगस्त तक प्रवेश प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी थी। 17 सितंबर को अनुमोदन मिलने के बाद प्रवेश का रास्ता साफ हुआ। इसके बाद एलएलबी की मेरिट जारी कर पांच अक्तूबर से काउंसिलिंग शुरू हुई। बीए एलएलबी की पहली मेरिट के आधार पर तीन अक्तूबर से प्रवेश प्रक्रिया शुरू की गई। अब नवंबर में कक्षाएं शुरू होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई आगे बढ़ सकेगी।
एक नजर में विधि संकाय
शैक्षिक सत्र : 2026-27
एलएलबी : 300 सीटें (तीन वर्षीय पाठ्यक्रम)
बीए एलएलबी : 300 सीटें (पांच वर्षीय पाठ्यक्रम)
कुल सीटें : 600
एलएलबी के आवेदन : 2300
बीए एलएलबी के आवेदन : 1200
बीसीआई से अनुमोदन : 17 सितंबर 2026