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UP: बकरीद की दावत से मिला सुराग, 27 साल बाद पकड़ा गया दो पुलिसकर्मियों का हत्यारा; 50 हजार का था इनाम

Sat, 18 Jul 2026 02:53 PM IST
Arun Parashar संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा

सार

दो पुलिसकर्मियों की हत्या में शामिल बदमाश 27 साल बाद पुलिस की पकड़ में आया। बदमाश खुद को मृत घोषित करवा चुका था। नाम बदलकर ट्रक डाइवर बन चुका था।
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पुलिस गिरफ्त में आरोपी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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आगरा के थाना खेरागढ़ पुलिस ने 27 साल से फरार 50 हजार के इनामी बदमाश को दबोचा है। बदमाश ने दो पुलिसकर्मियों की हत्या की थी। घटना के बाद से वह फरार था। हाल ही में बकरीद की दावत से मिले सुराग के बाद पुलिस ने उसकी खोजबीन शुरू की। इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार किया। 
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पकड़ा गया आरोपी आरोपी भूरा रमेश कुशवाह गैंग का सक्रिय सदस्य था। गैंग लूट, अपहरण और हत्या की वारदातों को अंजाम देता था। पुलिस ने गैंग के हथियारों का जखीरा पकड़ लिया था। दस दिन बाद 31 दिसंबर 1999 की रात गैंग ने हथियारों के लिए पुलिस से लूट की योजना बनाई। भूरा जीप लेकर गैंग लीडर रमेश और अपने आठ साथियों के साथ आया। 
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खेरागढ़ में गश्त पर तैनात तीन पुलिसकर्मी ठंड से बचाव को अलाव ताप रहे थे। भूरा भी अपने साथियों संग अलाव तापने के बहाने बैठ गया। मौका देखकर तमंचे से तीनों पुलिस कर्मियों को गोली मार दी। एक पुलिस कर्मी की मौके पर और एक की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना में कांस्टेबल कमल सिंह और चरन सिंह की मौत हुई थी।

 

मामले में भिंड में हुई मुठभेड़ में पुलिस ने रमेश कुशवाह और जालौन में नरेंद्र को पुलिस ने मार गिराया था। अन्य बदमाश पांच गिरफ्तार हुए थे। उन्हें आजीवन कारावास की सजा हुई। भूरा पुलिस से बचने को जंगलों में भागा, दो माह इटारसी में मजदूरी की। इसके बाद भोपाल में रहकर बिल्डिंग निर्माण का काम किया और फिर ट्रक ड्राइवर बन गया। इसके बाद आरोपी भूरा पुत्र साबू निवासी जैतपुर ने खुद को मृत घोषित करवा दिया। वह मध्यप्रदेश में ट्रक ड्राइवर का काम कर रहा था। अपना नाम जमील पुत्र फारुख रख लिया था। 

 
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गत दिनों मामले में जेल से रिहा हुए भूरा के साथी से बकरीद की एक दावत में भूरा के जीजा की बात हुई। शराब पार्टी के दौरान उसने बता दिया कि दो वर्ष पूर्व भूरा से उसकी बात हुई है। थाना प्रभारी हरीश कुमार को इस बात की जानकारी हो गई। पुलिस ने जाल बिछाया और आरोपी को गिरफ्तार किया। पहले तो वह पुलिस को बरगलाता रहा पर सख्ती करने पर उसने सच कबूल दिया। डीसीपी पश्चिम आदित्य कुमार ने बताया कि आरोपी को न्यायालय भेजा गया है। उसे रिमांड पर लेकर और पूछताछ की जाएगी।



 
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