उत्तर प्रदेश के कासगंज में शहर के समीपवर्ती कलियानपुर गावं में एसडीएम संजीव कुमार के निर्देश पर सरकारी जमीन से अतिक्रमण को जेसीबी से हटाया गया। पट्टा धारक ने प्रशासन की कार्रवाई को गलत बताया। पट्टाधारक ने कहा कि उनके पास 38 साल पहले से आवासीय पट्टा मौजूद है। इसके सारे रिकॉर्ड राजस्व अभिलेखों में हैं।
ग्राम प्रधान ने सरकारी जमीन पर नेम सिंह की ओर से कब्जा किए जाने की जानकारी दी गई थी। ग्राम प्रधान का कहना था कि चुनाव की व्यस्तता के दौरान यह कब्जा मौका पाकर कर लिया गया। एसडीएम ने कब्जे की स्थिति का सत्यापन कराया और उसके बाद मंगलवार को सरकारी जमीन पर किए गए अतिक्रमण को ढहा दिया। भूमि के कब्जाधारक नेम सिंह के पुत्र जुगेंद्र सिंह ने बताया कि उनके परिवार पर यह पट्टा वर्ष 1986 से है।
उस समय 40 लोगों को पट्टे दिए गए। जिनमें से कुछ पट्टे निरस्त किए गए। 14 पट्टे अभी भी कायम हैं। उन्होंने कहा कि उनका पट्टा बरकरार है और आरटीआई के माध्यम से भी उनके पास इस बात की सूचना है। इस भूमि पर उनका कब्जा है। जुगेंद्र ने ग्राम प्रधान पर बैल्डिंग का सामान, पंप आदि सामान कार्रवाई के दौरान ले जाने ले जाने का आरोप लगाया।
सरकारी भूमि पर अवैध अतिक्रमण था। इस अतिक्रमण को हटाया गया है। चुनाव के समय में प्रशासन की व्यस्तता का लाभ उठाकर अतिक्रमण किया गया था।
-संजीव कुमार, एसडीएम