फोटो 18कादरगंज गंगा घाट पर बना पुल। संवाद
गंजडुंडवारा। कादरगंज गंगा घाट पर बने पुल पर रात के समय प्रकाश की व्यवस्था नहीं होने के कारण पुल का पूरा रास्ता अंधकार में डूबा रहता है। पुल बनने के 11 साल बाद बीत गए लेकिन अब तक इस पर समुचित प्रकाश व्यवस्था नहीं हो सकी है। इससे वाहन चालकों और आम राहगीरों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ता है। हादसा होने की आशंका भी बनी रहती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पुल पर स्ट्रीट लाइटें लगवाने की मांग की है।कादरगंज गंगा पुल का निर्माण वर्ष 2014 में हुआ था। करीब तीन किलोमीटर लंबे इस पुल के दोनों ओर गंगा की 30 किलोमीटर लंबी कटरी फैली हुई है, जो बदमाश बाहुल्य क्षेत्र माना जाता है। 2009 में ककोड़ा मेले के दौरान इसी स्थान पर बदमाशों ने छह से लोगों का सामूहिक अपहरण कर लिया था। पिछले वर्ष एक युवती की हत्या कर शव को बदमाश पुल के नीचे फेंक गए थे। कटरी होने के कारण बदमाश अंधेरे का फायदा उठकर जंगल में छुप जाते हैं। रविंद्र कुमार शाक्य कहते हैं कि मोनी बाबा आश्रम तक बिजली के खंभे पहले से लगे हुए हैं। यदि वहीं से बिजली लाइन जोड़कर पुल के दूसरे किनारे तक पहुंचा दी जाए, तो रात के अंधेरे से राहत मिल सकती है। बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को अंधेरे के कारण परेशानी होती है। वहीं, डॉ. नेमचंद सक्सेना का कहना है कि पुल पर किसी भी प्रकार की लाइट की व्यवस्था नहीं है। अंधेरे के कारण हमेशा हादसे की आशंका बनी रहती है। तड़के सुबह टहलने जाने वाले लोगों भी परेशानी होती है।
फोटो 18कादरगंज गंगा घाट पर बना पुल। संवाद