डॉक्टर्स और दुकानदारों में हुई मारपीट
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आगरा के राजामंडी में फड़ विक्रेताओं, दुकानदारों से मारपीट के बाद जूनियर डाक्टरों ने एसएन मेडिकल कालेज के इमरजेंसी गेट पर कब्जा जमा लिया। यहां इलाज कराने के लिए आने वाले मरीजों को अंदर नहीं घुसने दिया। तीन घंटे तक इमरजेंसी में हड़ताल जैसे हालात रहे।
डाक्टर फड़ वालों की गिरफ्तारी पर अड़े रहे। पुलिस, एसडीएम और कालेज प्राचार्य के आरोपियों की गिरफ्तारी के आश्वासन के बाद साढ़े तीन बजे इमरजेंसी का गेट छोड़ा गया। राजामंडी बाजार में बवाल के बाद जूनियर डाक्टर और मेडिकल छात्र करीब 12 बजे इमरजेंसी पर इकट्ठा होने लगे।
आधे घंटे के बाद जूनियर डाक्टरों ने इमरजेंसी के गेट को घेर लिया। सामने स्ट्रेचर से रास्ता रोक दिया। यहां इलाज कराने आने वाले मरीज और एंबुलेंस को लौटाना शुरू कर दिया।
एसएन मेडिकल कालेज
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मरीजों को लौटाए जाने की सूचना पर एसएन मेडिकल कॉलेज की प्राचार्य और एसडीएम इमरजेंसी पहुंचे और जूनियर डाक्टरों से बात की। डाक्टरों ने कहा कि जब तक साथी की पिटाई करने वालों को गिरफ्तार किया जाए, वरना चिकित्सकीय सेवाएं भी ठप कर दी जाएंगी।
प्राचार्य और एसडीएम ने जूनियर डाक्टरों को समझाते हुए एफआईआर दर्ज कराने के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया। इस आश्वासन पर करीब साढ़े तीन बजे जूनियर डाक्टरों ने इमरजेंसी का गेट छोड़ा।
प्राचार्य डा. सरोज सिंह ने बताया कि जूनियर डाक्टरों के साथ राजामंडी में मारपीट की गई थी। गुस्साए जूनियर डाक्टर इमरजेंसी पर जमा हुए थे, मारपीट करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी है।
प्रमुख सचिव ने भी फोन पर की जानकारी
फोन
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एसएन मेडिकल कॉलेज में हुए बवाल के बाद इमरजेंसी की चिकित्सकीय सेवाएं प्रभावित करने के मामले की जानकारी शासन तक पहुंच गई। शाम को प्रमुख सचिव ने कॉलेज प्रशासन से फोन पर पूरे मामले की जानकारी की। उन्होंने चेताया कि अगर चिकित्सक हड़ताल करते हैं तो एस्मा लगी हुई है। कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
मरीजों को लेकर लौटे तीमारदार
एसएन मेडिकल कालेज
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इमरजेंसी में मरीजों को न घुसने देने पर तीमारदारों ने जूनियर डॉक्टरों से इलाज के लिए गुहार भी लगाई, लेकिन उन्होंने अंदर नहीं जाने दिया। एंबुलेंस में आए मरीजों को भी मजबूरन यहां से लौटकर प्राइवेट हास्पिटल में जाना पड़ा। नौबस्ता की रहने वाली मिथिलेश ने बताया कि बेटे के इलाज को आए थे, यहां कहा कि डाक्टरों की पिटाई कर दी है, शाम को इलाज कराने के लिए आने को कहा।