कासगंज। सोरोंजी कोतवाली में तैनात दरोगा त्रिमल सिंह ने बुधवार रात किराए के मकान में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। दरोगा के भाई ने एक मोबाइल नंबर के हवाले से एक महिला पर दरोगा को प्रताड़ित और ब्लैकमैल किए जाने का आरोप लगाते हुए थाने में रिपोर्ट दर्ज कराए। पुलिस ने नंबर धारक से संपर्क किया तो वह महिला निकली। हिरासत में ली गई महिला ने पूछताछ के दौरान खुद को मृत दरोगा की विधवा होने का दावा किया। महिला ने बताया कि दरोगा से उसकी दो बेटियां भी हैं। पुलिस मामले में आरोप और दावों की जांच में जुटी है। सोरोंजी कोतवाली में तैनात दरोगा त्रिमल सिंह निवासी चमरौला, थाना बरहन, आगरा ने सोरोंजी रोड पर आरटीओ आफिस के सामने किराए के कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या कर लिया। पुलिस अधिकारियों को इस घटना की जानकारी देर रात हुई, इस पर सभी मौके पर पहुंचे। जिला अस्पताल के डाक्टरों ने दरोगा को मृत घोषित कर दिया। दरोगा के एक भाई हरिओम प्रकाश ढोलना थाने में हेड कांस्टेबल पद पर तैनात हैं। सूचना मिलने पर वे भागकर मौके पर पहुंचे। हरिओम प्रकाश ने सोरोंजी पुलिस को तहरीर दी, इसमें एक मोबाइल नंबर अकिंत था, आरोप लगाया गया कि इस नंबर की धारक महिला हाथरस जिले के मुरसान कस्बा की रहने वाली है। वह काफी समय से उनके भाई पर अनैतिक दवाब डालकर उन्हें ब्लैकमेल कर रही है। तहरीर में भाई ने महिला पर सीधा आरोप लगाया कि महिला की प्रताड़ना की वजह से भाई ने आत्महत्या की है। पुलिस ने फोन नंबर के आधार पर बिना नाम दर्ज किए महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली। वहीं पुलिस ने महिला को हिरासत में लिया तो महिला ने स्वयं को दरोगा की पत्नी बताया। महिला ने दावा किया कि वर्ष 2009 मेें दरोगा की तैनाती मुरसान में थी। तब से दरोगा उनके संपर्क में था। दरोगा ने उसके पूर्व पति से तलाक कराया और स्वयं उसे पत्नी बना लिया। दरोगा से महिला ने दो बेटियां होने का दावा किया। पुलिस अधिकारियों के समक्ष भी महिला ने इस बात को दुहराया। अब पुलिस इस मामले में आरोप और दावों की तहकीकात करने में जुटी है। इसके लिए पुलिस सर्विलांस की मदद ले रही। अभी तक की जांच में कोई निष्कर्ष नहीं निकला।
वर्जन दरोगा की आत्महत्या के मामले में पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। जिस महिला को पुलिस ने हिरासत में लिया है उस महिला ने अपने आप को दरोगा की पत्नी बताया है। पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। -सौरभ दीक्षित, पुलिस अधीक्षक